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गुलबर्ग सोसाइटी नरसंहार केस: अब 17 जून को होगा सजा का ऐलान

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नयी दिल्ली (ब्यूरो)। अहमदाबाद के 14 साल पुराने चर्चित गुलबर्ग सोसायटी नरसंहार मामले में स्पेशल कोर्ट ने 24 आरोपियों को दोषी माना था जिनके सजा का ऐलान आज होना था। जानिए क्या है गुलबर्ग सोसायटी नरसंहार, अब तक क्या-क्या हुआ?

Gulberg Society massacre

कोर्ट ने फैसले को टाल दिया है। अब सजा का ऐलान 17 जून को होगा। आपको बता दें कि इस मामले में स्पेशल कोर्ट ने 36 को बेकसूर करार दिया था। जिन 24 लोगों को दोषी करार दिया गया है उनमें 11 लोगों पर हत्या का दोष लगा है।

क्या है गुलबर्ग सोसायटी नरसंहार?

अहमदाबाद का गुलबर्ग सोसायटी दंगा कांड 27 फरवरी 2002 को हुए गोधरा कांड के ठीक अगले दिन यानी 28 फरवरी 2002 को हुआ था। अहमदाबाद शहर में घटित हुए इस कांड में दंगाइयों ने गुलबर्ग सोसायटी पर हमला बोल दिया था, जहां कांग्रेस के पूर्व सांसद एहसान जाफरी अपने परिवार के साथ रहा करते थे।

इस हमले में जाफरी सहित 69 लोगों की जान गई थी। नरसंहार में 39 लोगों के तो शव मिल गई ते बाकी 30 लोगों के शव नहीं मिले। कानूनी परिभाषा के तहत सात साल बाद उन्हें भी मृत मान लिया गया। गुलबर्ग सोसायटी में 29 बंगले और 10 फ्लैट थे। गुलबर्ग सोसायटी में सभी मुस्लिम रहते थे, सिर्फ एक पारसी परिवार रहता था।

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English summary
The 24 men convicted in the 2002 Gulberg society massacre case would be handed out punishments on June 17, a court said in Ahmedabad on Monday.
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