Ghulam Nabi Azad resigns: गुलाम नबी आजाद ने छोड़ी कांग्रेस, कहलाते थे गांधी परिवार के करीबी, पढ़ें Profile
नई दिल्ली, 26 अगस्त। लगातार चुनावी हार का सामना कर रही कांग्रेस इन दिनों अपने ही नेताओं की नाराजगी का कष्ट भी झेल रही है। अस्तित्व की लड़ाई लड़ रही कांग्रेस पार्टी को शुक्रवार को तगड़ा झटका लगा है। आज पार्टी के वरिष्ठ और नामचीन नेता गुलाम नबी आजाद ने कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया है।आजाद ने पांच पन्नों का इस्तीफा पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी को भेजा है।

गुलाम नबी आजाद ने छोड़ी कांग्रेस
आजाद ने इससे पहले जम्मू-कश्मीर में प्रचार कमेटी के चेयरमैन पद से त्यागपत्र दिया था। खबरें थीं कि आजाद कमेटियों के गठन को लेकर खुश नहीं थे क्योंकि उसमें उनकी मर्जी शामिल नहीं थी। कहा जा रहा है कि वो पार्टी की कुछ बातों से लगातार नाराज चल रहे थे और इस बारे में वो आलाकमान को अवगत भी करा चुके थे लेकिन उन्हें कोई संतोषजनक उत्तर उस ओर से नहीं मिला। कहा ये भी जा रहा है कि गुलाम नबी आजाद और कांग्रेस हाईकमान के बीच पिछले डेढ़ साल से टकराव चल रहा था जो कि आज इस्तीफे के रूप में सामने आया है।
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कहलाते थे गांधी परिवार के करीबी
वैसे आपको बता दें कि गुलाम नबी आजाद को गांधी परिवार के बेहद करीबी माना जाता रहा है और हर मुश्किल वक्त में उन्हें गांधी परिवार के साथ खड़ा देखा गया है।
डोडा जिले के सोती गांव में हुआ जन्म
मालूम हो कि गुलाम नबी आजाद का जन्म 7 मार्च 1949 को कश्मीर के डोडा जिले के सोती नामक गांव में हुआ था, उन्होंने वर्ष 1972 में कश्मीर विश्वविद्यालय से जीव विज्ञान में एमएससी की डिग्री हासिल की थी। आजाद ने वर्ष 1973 में सक्रिय राजनीति में कदम रखा था।

आइए एक नजर डालते हैं उनके राजनीतिक सफर
- वर्ष 1973 में ब्लेसा की कांग्रेस कमेटी के ब्लॉक सचिव ।
- साल 1975 में जम्मू एवं कश्मीर के युवा कांग्रेस के अध्यक्ष।
- वर्ष 1977 में डोडा जिले की कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष।
- अखिल भारतीय युवा कांग्रेस के महासचिव ।
- वर्ष 1978 से 1981 तक ऑल इंडिया मुस्लिम यूथ कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष।
- वर्ष 1982 में, कानून राज्य मंत्री ।
- वर्ष 1985 में वाशिम निर्वाचन क्षेत्र से पुनः निर्वाचित हुए
- वर्ष 1985 में खाद्य और नागरिक आपूर्ति राज्य मंत्री।

सोशल कामों से भी जुड़े रहे हैं आजाद
- वर्ष 1986 में कांग्रेस कार्य कारिणी समिति के सदस्य।
- वर्ष 1987 में अखिल भारतीय कांग्रेस समिति के महासचिव ।
- वर्ष 1990 में राज्यसभा के सदस्य बने।
- वर्ष 1991 में पर्यटन और नागरिक उड्डयन का संविभाग।
- वर्ष 2005 में इन्होंने जम्मू-कश्मीर के सीएम की कुर्सी संभाली ।
- यूपीए 2 में स्वास्थ्य मंत्रालय संभाला।
- वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में गुलाम नबी आजाद विपक्ष के नेता बने।
- आजाद विभिन्न राजनीतिक और सामाजिक संगठनों से भी जुड़े हुए हैं, जिनमें युवा सेवा समिति, नेशनलहेराल्ड जैसी समितियां शामिल हैं।












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