Chandrayaan 2: अंतिम 2 मिनट में घटने की बजाए स्पीड बढ़ने से लड़खड़ा गया लैंडर विक्रम ? सबसे बड़ा खुलासा

नई दिल्ली- लैंडर विक्रम के साथ अंतिम 2 मिनट में बहुत कुछ असामान्य होना शुरू हो गया था। रिपोर्ट्स के मुताबिक अभी तक के डाटा एनालिसिस के बाद लैंडर विक्रम की सॉफ्ट लैंडिंग में आई दिक्कत को लेकर एक बहुत बड़ा खुलासा सामने आया है। स्टडी में यह बात सामने आ रही है कि अंतिम वक्त में लैंडर विक्रम लड़खड़ाने लगा था, जिसके चलते वह चांद की सतह पर योजना के मुताबिक लैंड नहीं कर पाया। ये भी जानकारी सामने आ रही है कि अंतिम क्षम में लैंडर में लगे इंजन ने विक्रम की स्पीड को क्रमश: नियंत्रित करते हुए नीचे उतारने की बजाय उसकी गति में और इजाफा ही करना शुरू कर दिया था, जिसके चलते अंतिम-क्षण में सबकुछ उल्टा-पुल्टा होने की आशंका है। गौरतलब है कि सॉफ्ट लैंडिंग की प्रक्रिया के आखिरी स्टेज में लैंडर के साथ इसरो का संपर्क टूट गया था। बाद में इसरो ने लैंडर विक्रम की चांद पर मौजूदगी का पता भी लगा लिया, लेकिन उससे संपर्क स्थापित करने में अभी तक नाकाम रहा है।

11.28 मिनट बाद कलाबाजी खाने लगा विक्रम

11.28 मिनट बाद कलाबाजी खाने लगा विक्रम

इंडिया टुडे की एक रिपोर्ट के मुताबिक डाटा के विश्लेषण से यह बात सामने आई है कि लैंडर विक्रम के उतरने के 15 मिनट के दौरान 11.28 मिनट तक सबकुछ ठीक था और इसी समय उसमें अचानक गड़बड़ी शुरू हो गई। तय योजना के मुताबिक ठीक इसी वक्त में लैंडर को धीरे-धीरे घूमना था, ताकि उसमें लगे हुए कैमरों से उतर की सही जगह की तलाश के लिए चांद की सतह का आकलन किया जा सके। अब ये खुलासा हुआ है कि इस महत्वपूर्ण वक्त में ही विक्रम ने अचानक कलाबाजी खाना शुरू कर दिया। इसके चलते चांद की सतह पर कुछ देर के लिए उलट गया लैंडर विक्रम।

स्पीड बढ़ने से शुरू हुई गड़बड़ी

स्पीड बढ़ने से शुरू हुई गड़बड़ी

आंकड़ों के विश्लेषण से ये बात सामने आ रही है कि लैंडर विक्रम की स्पीड को जो इंजन कंट्रोल कर रहे थे, उसने उसकी स्पीड को कम करने की बजाय अचानक बढ़ाना शुरू कर दिया था। इसलिए, लैंडर विक्रम चांद की सतह पर सीधे उतरने की बजाय उल्टा गिर पड़ा। लैंडर विक्रम से मिली आखिरी रीडिंग्स में यह बात स्पष्ट तौर पर नजर आती है। पता चला है कि उतरने की प्रक्रिया शुरू करने के 11.28 मिनट तक चांद की ओर लैंडर विक्रम की वर्टिकल वेलोसिटी 42.9 मीटर प्रति सेंकेंड थी। लेकिन, इसके ठीक 1.30 मिनट बाद आश्चर्यजनक रूप से उसकी स्पीड बढ़कर 58.9 मीटर प्रति सेकेंड तक पहुंच गई थी।

जब स्पीड बढ़ी तभी संपर्क भी टूटा

जब स्पीड बढ़ी तभी संपर्क भी टूटा

ठीक इसी दौरान लैंडर से इसरो का संपर्क टूट गया था और तब से वह चुपचाप चांद की सतह पर मौजूद है। पिछले 9 दिनों से उससे संपर्क के सारे प्रयास विफल रहे हैं और इसरो से लेकर नासा तक के वैज्ञानिक कोई अच्छी खबर देने की कोशिशों में जुटे हुए हैं। इस बीच उम्मीद है कि चांद की कक्षा में मौजूद नासा का ऑर्बिटर आने वाले 17 सितंबर को लैंडर की हार्ड लैंडिंग वाली जगह के ऊपर से गुजरेगा। जानकारी के मुताबिक नासा ने इसरो से कहा है कि वह अपने ऑर्बिटर की मदद से लैंडर विक्रम की तस्वीरें लेने की कोशिश करेगा और उसे इसरे के साथ साझा करेगा।

21 तारीख से शुरू हो जाएगी लूनर नाइट

21 तारीख से शुरू हो जाएगी लूनर नाइट

चांद के जिस हिस्से में लैंडर विक्रम मौजूद है वहां 21 तारीख से लूनर नाइट शुरू हो रही है। इस समय से वहां का तापमान घटकर माइनस 200 डिग्री तक पहुंच सकता है। पिछले 7 सितंबर को जब लैंडर ने वहां लैंड किया था तब लूनर डे (धरती के 14 दिन के बराबर) की शुरुआत हुई थी। लैंडर विक्रम और प्रज्ञान रोवर को अपने ऊपर लगे सोलर पैनल से ऊर्जा लेकर ही अपना मिशन पूरा करना है। अगर वहां एक बार रात शुरू हो जाएगी तो अत्यधिक ठंड की वजह से उनमें लगे सारे उपकरण बेकार हो जाएंगे। इसलिए इसरों की कोशिश है कि 20 सितंबर तक किसी भी तरीके से लैंडर विक्रम से संपर्क को स्थापित कर ले या उसमें मौजूद सारा डाटा जुटा ले।

विक्रम से संपर्क मिशन में ये भी शामिल

विक्रम से संपर्क मिशन में ये भी शामिल

विक्रम लैंडर से संपर्क अभियान में इसरो को जिन संस्थानों की मदद मिल रही है उनमें भाभा अटॉमिक रीसर्च सेंटर और इलेक्ट्रॉनिक्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया भी शामिल है। इससे पहले नासा की जेट प्रॉपलशन लैबोरेट्री ने लैंडर विक्रम से संपर्क साधने के लिए रेडियो फ्रीक्वेंसी भेजी है, नासा ये काम डीप स्पेस नेटवर्क के जरिए कर रहा है, अमेरिका के एक एस्ट्रॉनॉट स्कॉट टिले ने भी इस बात की पुष्टि की थी कि नासा ने कैलिफोर्निया स्थित डीएसएन स्टेशन से लैंडर विक्रम को रेडिफ्रीक्वेंसी भेजी हैं, उन्होंने सिग्नल को रिकॉर्ड कर ट्वीटर पर भी साझा किया है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+