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POCSO एक्ट में बदलाव: कमल हासन ने पूछा-क्या 14 से 16 साल की लड़कियां बच्ची नहीं हैं?

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    चेन्नई। पॉक्सो एक्ट में बदलाव को कैबिनेट की मंजूरी मिलने के बाद राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने भी रविवार को इसे अपनी हरी झंडी दे दी है। पॉक्सो एक्ट में बदलाव के लिए केंद्र सरकार अध्यादेश लेकर आई थी, जिसे कैबिनेट ने अपनी मंजूरी दे दी थी। ऐसे में इस अध्यादेश के लागू होने के बाद 12 साल से कम उम्र की लड़कियों के साथ रेप करने वाले को फांसी की सजा दी जाएगी। नए कानून के मुताबिक अगर 12 साल से कम उम्र की बच्ची के साथ रेप किया जाता है और आरोपी दोषी पाया जाता है तो उसे फांसी की सजा भी हो सकती है।

    कमल हासन ने दागा सवाल

    कमल हासन ने दागा सवाल

    लेकिन जहां इस मामले पर कांग्रेस ये कहकर हल्ला मचा रही है कि ये प्रस्ताव इतनी देर में क्यों आया तो वहीं अभिनेता से नेता बने कमल हासन ने बलात्कार के मामलों में मौत की सजा का प्रावधान किए जाने पर हैरानगी जताते हुए कहा कि क्या 14, 15 और 16 साल की लड़कियां बच्ची नहीं हैं?

    लड़कों को जिम्मेदार बनाना चाहिए

    लड़कों को जिम्मेदार बनाना चाहिए

    कमल हासन अपनी पार्टी मक्कल निधि मैअम के कार्यकर्ताओं को यूट्यूब के जरिए संबोधित कर रहे थे, उन्होंने इस दौरान कहा कि परिवारों को अपने लड़कों को जिम्मेदार बनाना चाहिए, लड़को को भी सही संस्कार देने चाहिए, जिससे उन्हें भी गलत-सही के बारे में पता हो।

    क्या है पॉस्को एक्ट

    क्या है पॉस्को एक्ट

    POCSO का पूरा नाम है The Protection Of Children From Sexual Offences Act या प्रोटेक्शन आफ चिल्ड्रेन फ्राम सेक्सुअल अफेंसेस एक्ट । ये विषेष कानून सरकार ने साल 2012 में बनाया था।

    अलग-अलग अपराध के लिए अलग-अलग सजा

    अलग-अलग अपराध के लिए अलग-अलग सजा

    इस कानून के जरिए नाबालिग बच्चों के साथ होने वाले यौन अपराध और छेड़छाड़ के मामलों में कार्रवाई की जाती है।यह एक्ट बच्चों को सेक्सुअल हैरेसमेंट, सेक्सुअल असॉल्ट और पोर्नोग्राफी जैसे गंभीर अपराधों से सुरक्षा प्रदान करता है। वर्ष 2012 में बनाए गए इस कानून के तहत अलग-अलग अपराध के लिए अलग-अलग सजा तय की गई है।

    यह भी पढ़ें:पुराने POCSO (पॉक्सो) से कितना और कैसे अलग होगा नया कानून?

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    English summary
    Kamal Haasan on Sunday wondered why the ordinance promulgated today provided for the death penalty for rape of girls under 12 years alone and not for those aged between 14 and 16 and said families should bring up boys to act responsibly.

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