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कोरोना के कहर के बीच यूपी ने चीन को धीरे से दिया जोर का झटका

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नई दिल्ली- अमेरिका और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप चीन को कोरोना की करतूत के चलते आंखें ही दिखाते रह गए और यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार ने उसे सही वक्त पर जोर का झटका दे दिया है। योगी सरकार ने एक खास टास्क फोर्स गठित कर रखा है, जिसकी जिम्मेदारी है कि चीन से निकल रही विदेशी कंपनियों को प्रदेश में निवेश के लिए तैयार किया जाए। इसी कड़ी में एक जर्मन शू ब्रैंड ने शी जिनपिंग के शासन को तगड़ा झटका देते हुए अपना पूरा उत्पादन चीन से आगरा शिफ्ट करने का ऐलान कर दिया है। कंपनी पहले फेज में 110 करोड़ रुपये का निवेश करेगी और आने वाले दो वर्षों में वह 30 लाख जोड़ी जूते उत्पादन का लक्ष्य हासिल करेगी।

चीन के शी जिनपिंग को योगी के आगरा ने दिया झटका

चीन के शी जिनपिंग को योगी के आगरा ने दिया झटका

विदेशी निवेशकों को उत्तर प्रदेश में बुलाने की योगी आदित्यनाथ सरकार की रणनीति को एक बड़ी कामयाबी मिली है। खासकर तब कोरोना वायरस कांड के बाद विदेशी कंपनियां चीन का विकल्प तलाशने में जुटी हुई हैं। जर्मनी की एक फुटवियर ब्रांड ने अपना पूरा प्रोडक्शन आगरा शिफ्ट करने की घोषणा की है। कासा ईवर्ज गम्भ (Casa Everz Gmbh) की स्वामित्व वाली वॉन वेलक्स (Von Wellx) ने ऐलान किया है कि वह चीन से अपने पूरे कारोबार को समेटकर भारत ल रही है। कंपनी भारत में 110 करोड़ रुपये की शुरुआती निवेश करेगी। चीन में वह सालाना 30 लाख जोड़ी जूते बनाती थी, लेकिन उसका पूरा प्रोडक्शन अब कंपनी भारत में करेगी। यूपी सरकार के एक अधिकारी ने इसकी जानकारी देते हुए बताया है कि आगरा में उतनी ही क्षमता की एक मैन्युफैक्चरिंग यूनिट वॉन वेलक्स और लैट्रिक इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड के बीच साझेदारी में स्थापित की जाएगी।

लेदर उद्योग में आगरा पहले से स्थापित है

लेदर उद्योग में आगरा पहले से स्थापित है

वॉन वेलक्स ब्रांड 2019 में ही भारत में आ चुकी थी और लैट्रिक इंस्ट्रीज पहले से ही कासा ईवर्ज गम्भ के लिए 5 लाख जोड़ी जूते बना रही है। सरकारी सूत्रों ने बताया है कि यह कंपनी आने वाले दो वर्षों में अपने उत्पादन का पूरा क्षमता हासिल कर लेगी और पहले फेज में उसके 110 करोड़ रुपये निवेश करने की संभावना है। दूसरे फेज में कंपनी ने जूते के आउटसोल, विशेष कपड़े और केमिकल्स बनाने के सहायक उद्योग स्थापित करने का प्रस्ताव दे रखा है, जिनका कि अभी भारत में उत्पादन नहीं होता है। अधिकारी के मुताबिक, 'उत्तर प्रदेश निवेश के लिए बेहतरीन माहौल दे रहा है, जिसमें मजदूरों की उपलब्धता, कच्चे माल और इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल हैं। आगरा पहले से ही एक बहुत ही अच्छी तरह स्थापित लेदर हब है और फुटविटर बिजनेस में संभावनाओं की तलाश में लगे लोगों को यह एक मजबूत आधार प्रदान करेगा।'

निवेश को प्रमोशन के लिए योगी सरकार ने बनाया है टास्क फोर्स

निवेश को प्रमोशन के लिए योगी सरकार ने बनाया है टास्क फोर्स

बता दें कि उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य को निवेश के हब के रूप में प्रमोट करने के लिए एक टास्क फोर्स का गठन किया है, जिसे विशेष तौर पर चीन से बाहर निकल रहे विदेशी निवेशकों को अपनी ओर आकर्षित करना है। बता दें कि चीन के बिजनेस और इंडस्ट्री हब वुहान शहर में जिस तरह से कोरोना वायरस अचानक पैदा हुआ और वहां से निकलकर आज पूरी मानवता को खत्म करने पर तुला है, उसकी वजह से चीन कुछ देशों को छोड़कर सबके मन में संदेह का बीज बो चुका है। अगर चीन ने कोरोना वायरस को लैब में तैयार नहीं भी किया, लेकिन इस बात से कोई इनकार नहीं कर सकता कि अगर वह पहले से ही इसके खतरे से दुनिया को सचेत कर देता तो आज लाखों लोगों की जानें बचाई जा सकती थी। लेकिन, चीन से जानकारी रहते या संदिग्ध अनजाने में चूक हो चुकी है और इसलिए विश्व का बिजनेस समुदाय वहां से अपना बोरिया-बिस्तर समेट कर सुरक्षित और कमाने वाली जगहों में शिफ्ट होना चाह रहा है।

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English summary
Agra snatches Germany's shoe brand from China
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