सदन में उठा अडानी का मुद्दा, बीजेपी ने अमेरिका में अभियोग चलाने पर उठाए सवाल, कांग्रेस ने लगाए ये आरोप
संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान विपक्ष ने अडानी का मुद्दा उठाया और परिसर में विरोध प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन में लोकसभा नेता प्रतिपक्ष व कांग्रेस सांसद राहुल गांधी भी शामिल हुए। वहीं, दूसरी तरफ भारतीय जनता पार्टी (BJP) गौतम अडानी के अमेरिका में अभियोग के समय का मुद्दा उठाया।
राज्यसभा सत्र के दौरान बोलते हुए भाजपा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने आरोप लगाया कि जब से प्रधानमंत्री मोदी ने भारत को विकसित देश बनाने का संकल्प लिया है, तब से भारत की प्रशासनिक, आर्थिक और सामाजिक व्यवस्था पर हमला करने के लिए कई गतिविधियां हो रही हैं। इस दौरान उन्होंने 'संगठित अपराध और भ्रष्टाचार रिपोर्टिंग परियोजना' पर मीडियापार्ट की खोजी रिपोर्ट का हवाला दिया।

इस दौरान उन्होंने दावा किया कि OCCRP को विदेशी सरकारों से धन प्राप्त है और उसके अरबपति जॉर्ज सोरोस से संबंध हैं। उन्होंने कहा कि हम सिर्फ एक रिपोर्ट के आधार पर यह नहीं कह रहे हैं। पिछले 3 वर्षों से, क्या यह सिर्फ संयोग है कि जब भी भारतीय संसद का सत्र आता है, तो ऐसे मुद्दे आते हैं।
चाहे पेगासस हो, हिंडनबर्ग हो या बीबीसी की डॉक्यूमेंट्री हो...वर्तमान सत्र, जो 25 नवंबर को शुरू हुआ, लेकिन 20 नवंबर को व्यापारिक घराने के संदर्भ में अमेरिकी अटॉर्नी की एक रिपोर्ट आती है। बीजेपी सांसद संबित पात्रा ने कहा कि हम बात करने जा रहे हैं उस खतरनाक त्रिकोण के बारे में जो भारत को अस्थिर करने की कोशिश कर रहा है।
इस त्रिकोण में एक तरफ अमेरिका के जॉर्ज सोरोस हैं। अमेरिका की कुछ एजेंसियां हैं, त्रिकोण के दूसरी तरफ OCCRP नाम का एक बड़ा न्यूज पोर्टल है। त्रिकोण के आखिरी कोने में राहुल गांधी हैं, 'उच्च दर्जे का गद्दार' मैं ये शब्द कहने से नहीं डरता। मुझे लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष को गद्दार कहने में कोई झिझक नहीं है।
विपक्ष ने क्या कहा
लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि पीएम मोदी जी अडानी जी का जांच नहीं करा सकते क्योंकि वह अगर जांच कराएंगे तो वह अपनी ही जांच कराएंगे। पीएम मोदी और अडानी एक है ये दो नहीं है। वहीं, कांग्रेस सांसद और महासचिव (संगठन) केसी वेणुगोपाल ने कहा कि इस देश में सबसे बड़ा भ्रष्टाचार हो रहा है और सरकार इस पर चर्चा करने के लिए तैयार है।
उन्होंने आगे कहा कि वे अडानी का नाम सुनने के लिए तैयार नहीं हैं। हम देश को बताना चाहते हैं कि यह सबसे बड़ा भ्रष्टाचार हो रहा है, लेकिन सदन इसपर चर्चा के लिए तैयार नहीं है। कहा कि स्पीकर ने निशिकांत दुबे को शून्यकाल में बोलने की अनुमति दी। विपक्ष के नेता, वायनाड के सांसद और पूरी कांग्रेस पार्टी के खिलाफ अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया गया।
संसद के इतिहास में इस तरह की अपमानजनक टिप्पणी कभी नहीं की गई। हम बहुत दुखी हैं...पहले दिन से ही राहुल गांधी राहुल गांधी के भ्रष्टाचार के खिलाफ खड़े हुए, उसी दिन से अडानी के एजेंटों ने राहुल गांधी को गाली देना शुरू कर दिया...हम इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करने वाले सदस्य से माफ़ी की मांग करते हैं। स्पीकर को आवश्यक कार्रवाई करनी चाहिए।
इस बीच, कांग्रेस सांसद केसी वेणुगोपाल ने इन बयानों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि जब भी पार्टी "अडानी के भ्रष्टाचार" के खिलाफ जांच की मांग करती है, तो उस (भाजपा) पक्ष की ओर से चरित्र हनन की घटनाएं सामने आती हैं। वेणुगोपाल ने कहा, "वे हमें धमकाने की कोशिश कर रहे हैं। लेकिन चाहे कुछ भी हो जाए हम लड़ते रहेंगे।












Click it and Unblock the Notifications