ओडिशा की विभिन्न अदालतों में सांसदों, विधायकों के खिलाफ लंबित हैं 423 आपराधिक मामले
2024 में लोकसभा चुनाव के अलावा ओडिशा में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। इन चुनावों से पहले ओडिशा उच्च न्यायालय ने बयान जारी कर बड़ा खुलासा किया है। उड़ीसा उच्च न्यायालय के अनुसार दिसंबर, 2023 तक ओडिशा में सांसदों और विधायकों के खिलाफ विभिन्न अदालतों में कुल 423 आपराधिक मामले लंबित हैं।

ओडिशा के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश डॉ. बीआर सारंगी और न्यायमूर्ति मुराहरि श्री रमन की खंडपीठ ने दिसंबर, 2023 के लिए सांसदों और विधायकों से संबंधित दर्ज मामले और उनके निपटान और लंबित मामलों के बारे में जाना जिसमें खुलासा हुआ कि विभिन्न अदालतों में ओडिशा के सांसदों और विधायकों के खिलाफ कुल 423 मामले लंबित हैं।
गुरुवार को उड़ीसा उच्च न्यायालय ने इसके बारे में बयान जारी किया जिसमें बताया कि कोर्ट में पेश किए गए आंकड़ों के अनुसार खोरधा जिला विभिन्न सांसदों और विधायकों के खिलाफ 86 आपराधिक मामले दर्ज हैं, जो इस लिस्ट में नंबर वन पर है।
इसके अलावा इसी सुंदरगढ़ जिले के निर्वाचित प्रतिनिधियों के पास 53 मामले, गंजाम के 51 मामले और कोरापुट के 48 मामले लंबित हैं। वहीं पुरी, भद्रक, जाजपुर और जगतसिंहपुर जिलों के किसी भी सांसद या विधायक के खिलाफ दिसंबर, 2023 तक कोई आपराधिक मामला लंबित नहीं है।
कोर्ट के न्यायायधीस ने कहा "प्राथमिकता के आधार पर उन मामलों के शीघ्र निपटान के लिए प्रभावी कदम उठाए जाने चाहिए थे।
गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के अनुसार सांसद और विधानसभा सदस्यों के खिलाफ लंबित आपराधिक मामलों के शीघ्र निपटान की निगरानी के लिए उड़ीसा उच्च न्यायालय के उप रजिस्ट्रार (न्यायिक) द्वारा स्वत: संज्ञान लेते हुए एक रिट याचिका दर्ज की गई थी।
नामित न्यायालयों को निर्देश दिया गया था कि वे मौत या आजीवन कारावास से दंडनीय आपराधिक मामलों को प्राथमिकता दें, फिर पांच साल या उससे अधिक के कारावास से दंडनीय मामलों को प्राथमिकता दें और फिर अन्य सभी मामलों की सुनवाई करें और दुर्लभ और बाध्यकारी कारणों को छोड़कर मामलों को स्थगित न करें।
सूचना के अनुसार सांसदों और विधायकों के खिलाफ दर्ज ये 423 मामलों में से अधिकतर मामले शुरुआती चरण में हैं। वहीं गुरुवार की सुनवाई के दौरान, एचसी पीठ ने सरकारी वकील, को एक हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया, जिसमें राज्य की विभिन्न अदालतों में लंबित मामलों के शीघ्र निपटान के लिए उठाए गए कदमों का संकेत दिया गया हो।












Click it and Unblock the Notifications