• search
हिमाचल प्रदेश न्यूज़ के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  

हंसराज ने यूटयूब वीडियो देख बंजर जमीन को बना दिया 'सोना', हर साल कमा रहा सात लाख रुपए

|

सोलन। हिमाचल प्रदेश के सोलन में बसंतपुर चपराणी गांव के हंसराज के पास बंजर जमीन थी और उनके दिल में कुछ करने का जज्बा था। हंजराज यह साबित करना चाहते थे कि बेरोजगारी का ढोल अलापने से अच्छा है कुछ कर के दिखाया जाए। बस इसी जनून के साथ हंसराज ने सालों से बंजर पड़ी ज़मीन पर विदेशी सेब के पौधे ग्रेनी स्मिथ फ्यूजी और गेल गाला रोपे। जब इन्हें रोपा गया तो हंसराज के पास इन विदेशी पौधों की कोई ख़ास जानकारी नहीं थी। हंसराज ने इस बारे में इंटरनेट के माध्यम से जानकारियां हासिल की और पौधों की जी जान लगाकर देखभाल की। यही वजह है कि आज हंसराज का बगीचा लहलहा रहा है।

सात से आठ लाख रुपए सालान कमाई

सात से आठ लाख रुपए सालान कमाई

केवल तीन वर्षों में ही हंसराज सात से आठ लाख रुपए सालाना आय भी कमाने लग गए हैं। बागबान हंसराज ने कहा कि युवा जो कुछ करना चाहते हैं और उनके पास जमीन है तो उन्हें कहीं भी जाने की आवश्यकता नहीं है। बागबानी और कृषि में वह मेहनत कर वह ऐशोआराम से अपना जीवन यापन कर सकते हैं। हंसराज ने बताया कि उन्होंने करीबन तीन वर्ष पहले विदेशी किस्म के पौधे अपने बगीचे में रोपे, जिसमें उन्होंने नवीनतम तकनीक का सहारा लिया और सरकार की योजनाओं ने उनका भरपूर साथ दिया। इस वजह से वह अपने पैरों पर खड़े हो गए।

एक साल तक खराब नहीं होता है ये सेब

एक साल तक खराब नहीं होता है ये सेब

उन्होंने कहा कि विदेशी फसल के हिमाचल में कद्रदान नहीं मिले, इसलिए उन्हें सेब की फसल को बेचने के लिए जयपुर और लुधियाना जाना पड़ा। आज सेब की मांग बेहद ज़्यादा है और उम्मीद से ज़्यादा उन्हें दाम भी मिल रहे हैं। उन्होंने बताया कि जहां हिमाचल में लगने वाले सेब 10 से 15 दिनों तक ही टिक पाता है वहीं विदेशी सेब एक वर्ष तक खराब नहीं होता।

युवाओं के लिए वह प्रेरणा स्त्रोत बन चुके हैं हंसराज

युवाओं के लिए वह प्रेरणा स्त्रोत बन चुके हैं हंसराज

इसके साथ साथ यह सेब इम्युनिटी को भी बढ़ाते हैं और इसके साथ साथ न्यूट्रीशियन वैल्यू भी बहुत है। इन सेबों को आज तक विदेश से आयात किया जाता है और भारतवासी इन सेबों के दीवाने हैं, लेकिन अब यही सेब हिमाचल में उगाया जा रहा है। अन्य राज्यों की मंडियों में इन के दाम भी बहुत ज़्यादा मिल रहे हैं, इसलिए अब बागबान हंसराज की सफलता को देखते हुए हिमाचल के युवाओं के लिए वह प्रेरणा स्त्रोत बन चुके है। वह अब हिमाचल के युवाओं का मार्गदर्शन भी कर रहे हैं।

सान्या ने 22 साल की उम्र में पाया 42.5 लाख सालाना पैकेज वाला जॉब, अमेरिकी कंपनी ने दिया ऑफर

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Himachal Man Hansraj started apple cultivation by watching video on YouTube
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X