'उनके हाथ काट दो, उनका सिर काट दो', VHP की दिल्ली रैली में भड़काऊ भाषण से हड़कंप

विश्व हिंदू परिषद् की रैली में आपत्तिजनक भाषा के इस्तेमाल का मामला सामने आया है। ये बयान 25 साल के युवक के मर्डर के संदर्भ में समझा जा रहा है। vishwa hindu parishad haath kaat do sir kaat do hate speech

Vishwa Hindu Parishad की दिल्ली रैली में भड़काऊ भाषण दिया गया है। 'उनके हाथ काट दो, उनका सिर काट दो' वाली टिप्पणी दिल्ली में एक 25 वर्षीय व्यक्ति की हत्या के संदर्भ में हुई है। कथित तौर पर मुस्लिम समुदाय के पुरुषों ने 25 साल के युवक की हत्या की है। Hate Speech के इस ताजा घटनाक्रम से हड़कंप मच गया है।

vishwa hindu parishad

उनके हाथ काट दो, उनका सिर काट दो

रविवार को विहिप नेताओं ने हमलावरों के खिलाफ बंदूकों के इस्तेमाल का आह्वान किया। रैली अभद्र भाषा के अखाड़े में बदल गई जब वक्ताओं में से एक - जगतगुरु योगेश्वर आचार्य ने 25 साल के मृतक युवक पर हमला करने वालों के सिर काटने और उनके हाथ काटने जैसा भड़काऊ आह्वान किया। उन्होंने कहा, जरूरत पड़े तो उनके हाथ काट दो, उनका सिर काट दो। ज्यादा से ज्यादा जेल जाओगे। लेकिन इन तत्वों को सबक सिखाने का समय आ गया है। लोगों को चुन-चुन के मारो।

बिना लाइसेंस के बंदूकें रखने का भी आह्वान

शक्ति और अधिकार का निर्लज्ज प्रदर्शन करते हुए Vishwa Hindu Parishad की दिल्ली रैली में एक अन्य वक्ता, महंत नवल किशोर दास ने लोगों से लाइसेंस के साथ या बिना लाइसेंस के बंदूकें रखने का भी आह्वान किया। उन्होंने उकसावे वाली भाषा का इस्तेमाल कर कहा, बंदूकें प्राप्त करें। लाइसेंस प्राप्त करें। अगर आपको लाइसेंस नहीं मिलता है, तो चिंता न करें। जो लोग तुम्हें मारने आते हैं, क्या उनके पास लाइसेंस है? तो आपको लाइसेंस की जरूरत क्यों है? यदि हम सब एक साथ आते हैं, तो दिल्ली पुलिस आयुक्त भी हमें चाय की पेशकश करेंगे। उन्होंने कहा, दिल्ली पुलिस कमिश्नर हमें वह करने देंगे जो हम चाहते हैं।

VHP प्रवक्ता ने किया बचाव

भड़काऊ भाषण के आरोप लगने के बावजूद विहिप प्रवक्ता विनोद बंसल ने वक्ताओं का बचाव किया। उन्होंने कहा, यह जन आक्रोश रैली थी। संदेश जिहादी तत्वों के प्रति था न कि किसी समुदाय के प्रति। लोग गुस्से में हैं। वक्ताओं का मतलब यह था कि जरूरत पड़ने पर वे जिहादी तत्वों के खिलाफ आत्मरक्षा में सामने आ सकते हैं।

पुलिस ने कहा- मर्डर में सांप्रदायिक एंगल नहीं

यह टिप्पणी दिल्ली में कथित रूप से मुस्लिम समुदाय के पुरुषों द्वारा 21 वर्षीय व्यक्ति की हत्या की पृष्ठभूमि के खिलाफ आई है। हालांकि, पुलिस ने हत्या के किसी भी सांप्रदायिक कोण से इनकार किया है। पुलिस ने कहा कि पीड़ित मनीष पर दो लोगों के खिलाफ अपना मामला वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा था, जिन्होंने एक साल पहले उसका फोन छीन लिया था। मना करने पर उस पर हमला कर दिया गया। पुलिस को शक है कि हत्यारे मोबाइल स्नैचर्स के दोस्त हैं।

विहिप का प्रोग्राम पुलिस की परमिशन के बिना

यह भी चौंकाने वाला है कि विहिप ने बिना अनुमति के कार्यक्रम का आयोजन किया। दी हिंदू की रिपोर्ट मेंलिखा गया, विहिप और अन्य दक्षिणपंथी संगठनों ने इस महीने की शुरुआत में सुंदर नगरी इलाके में मनीष कुमार की हत्या के विरोध में दिल्ली के जीटीबी नगर में एक बैठक आयोजित की थी। हत्या का आरोप तीन लोगों पर लगा है। विहिप के वरिष्ठ पदाधिकारियों, भाजपा नेताओं और अन्य लोगों ने पुलिस की मौजूदगी में हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान हिंदुओं से "एकजुट" रहने और "मुसलमानों का बहिष्कार" करने का आह्वान किया। हालांकि, शाहदरा के पुलिस उपायुक्त (डीसीपी) आर सथियासुंदरम ने कहा कि कार्यक्रम आयोजित करने की अनुमति नहीं ली गई थी।

हत्याकांड में तीन गिरफ्तारियां

लोनी के भाजपा विधायक नंद किशोर गुर्जर ने भी VHP के विरोध में भाग लिया। विहिप के "हिंदुओं को एकजुट करने" के आह्वान पर उन्होंने भी सहमति व्यक्त की। पुलिस के मुताबिक, उत्तर पूर्वी दिल्ली के सुंदर नगरी इलाके में निजी रंजिश के एक मामले में 21 वर्षीय मनीष कुमार की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। पुलिस ने हत्या के आरोप में तीन लोगों आलम, बिलाल और फैजान को गिरफ्तार किया है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+