वर्क फ्रॉम होम, स्कूल बंद, मास्क लगाने की हिदायत... दिल्ली-NCR की हवा ने फिर दिलाई कोरोना पाबंदियों की याद!
राष्ट्रीय राजधानी में हवा की गुणवत्ता लगातार खराब हो रही है। दिल्ली-एनसीआर का वायु गुणवत्ता सूचकांक 450 के पार हो चुका है। ऐसे में केंद्र सरकार के पॉल्यूशन कंट्रोल पैनल ने ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान यानी ग्रैप ने फाइल स्टेज यानी VI को दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया है।
इसमें दिल्ली में गैर-जरूरी ट्रक आवागमन पर प्रतिबंध, सार्वजनिक परियोजनाओं समेत निर्माण पर प्रतिबंध, स्कूलों-कॉलेजों को संभावित रूप से बंद करना और सरकारी-निजी दफ्तरों में कर्मचारियों के लिए वर्क फ्रॉम होम करने के निर्देश शामिल हैं। वहीं, घर से मास्क लगाकर निकलने की हिदायत दी गई है। कयास लगाए जा रहे हैं कि इसी तरह हवा खराब रही तो, दिवाली के बाद मुसीबत और बढ़ सकती है।

क्षेत्र में प्रदूषण से निपटने के लिए रणनीति तैयार करने के लिए जिम्मेदार वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) ने दिल्ली और एनसीआर राज्यों से सभी आपातकालीन उपायों को लागू करने के लिए कहा है। आइए जानते हैं क्या-क्या पाबंद?
जानें क्या प्रतिबंध ?
- आवश्यक वस्तुओं को ले जाने वाले या आवश्यक सेवाएं प्रदान करने वाले ट्रकों और सभी एलएनजी, सीएनजी और इलेक्ट्रिक ट्रकों को छोड़कर, दिल्ली में प्रवेश करने वाले ट्रक यातायात पर पूर्ण प्रतिबंध।
- ईवी, सीएनजी और बीएस-4 डीजल वाहनों के अलावा दिल्ली के बाहर पंजीकृत हल्के वाणिज्यिक वाहनों (एलसीवी) को दिल्ली में प्रवेश करने से प्रतिबंधित किया गया है, जब तक कि वे आवश्यक वस्तुएं नहीं ले जा रहे हों या आवश्यक सेवाएं प्रदान नहीं कर रहे हों।
- आवश्यक वस्तुओं को ले जाने या आवश्यक सेवाएं प्रदान करने वालों को छोड़कर, दिल्ली में पंजीकृत डीजल मध्यम माल वाहन (एमजीवी) और भारी माल वाहन (एचजीवी) के संचालन पर प्रतिबंध।
- राजमार्ग, सड़क, फ्लाईओवर, ओवरब्रिज, पावर ट्रांसमिशन, पाइपलाइन आदि जैसी रैखिक सार्वजनिक परियोजनाओं में निर्माण और विध्वंस (सी एंड डी) गतिविधियों पर प्रतिबंध।
- दिल्ली सरकार ने प्राइमरी स्कूल 10 नवंबर तक रखने का निर्देश दिया है। साथ ही कक्षा 6-12 तक के स्कूलों को ऑनलाइन मोड पर स्विच करने का फैसला लिया है।
- एनसीआर राज्य सरकारें और जीएनसीटीडी सार्वजनिक, नगरपालिका और निजी कार्यालयों को 50 फीसदी क्षमता पर काम करने की अनुमति देने का फैसला ले सकते हैं, बाकी कर्मचारी घर से काम करेंगे।
- केंद्र सरकार केंद्रीय सरकारी कार्यालयों में कर्मचारियों के लिए घर से काम करने की अनुमति देने पर विचार कर सकती है।
लगातार खराब हो रही दिल्ली की हवा
प्रतिकूल मौसम संबंधी परिस्थितियों और पड़ोसी राज्यों में पराली जलाने की घटनाओं में वृद्धि के कारण शहर का वायु गुणवत्ता सूचकांक शनिवार शाम 4 बजे 415 से बढ़कर रविवार दोपहर 3 बजे 463 हो गया। हवाई संकट केवल दिल्ली तक ही सीमित नहीं है, बल्कि पड़ोसी राज्य हरियाणा, राजस्थान और उत्तर प्रदेश के कई शहरों ने भी खतरनाक वायु गुणवत्ता की सूचना दी है।
क्या होता है GRAP ?
ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान यानी ग्रैप (GRAP) को शहर के एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) स्तर के हिसाब से लागू किया जाता है। इसकी मदद से शहर के बढ़ते पॉल्यूशन को कंट्रोल में किया जाता है। इसके 4 स्टेज होते हैं, चौथा स्टेज फाइल माना जाता है। जिसके लागू होने का तात्पर्य यह है कि शहर की हवा बहुत ही खराब हो चुकी है।
कब-कब लागू किए जाते हैं ये स्टेज ?
- पहला स्टेज- जब शहर का एयर क्वालिटी इंडेक्स 201-301 के बीच हो।
- दूसरा स्टेज- जब शहर का एयर क्वालिटी इंडेक्स 301-400 के बीच हो।
- थर्ड स्टेज- शहर का एयर क्वालिटी इंडेक्स 401-450 के बीच हो।
- चौथा स्टेज- एयर क्वालिटी इंडेक्स 450-500 के बीच हो।












Click it and Unblock the Notifications