LIC निवेशकों का हाल बेहाल, लॉक-इन पीरियड खत्म, इनवेस्टर्स के 1.65 लाख करोड़ रुपए स्वाहा
LIC निवेशकों के 1.65 लाख करोड़ रुपए स्वाहा
नई दिल्ली। एलआईसी के शेयरों को लेकर जो उत्साह निवेशकों का लिस्टिंग और आईपीओ लॉन्चिंग के वक्त था, उसके उल्ट इसमें निवेश करने वाले निवेशकों को भारी नुकसान हुआ है। लिस्टिंग के बाद से एलआईसी के शेयरों में गिरावट जारी है और इस हफ्ते भी शेयरों पर दवाब देखने को मिलता है। एंकर इनवेस्टर्स के लिए 30 दिन का लॉक-इन पीरियड आज सोमवार को खत्म हो रहा है। एलआईसी के शेयरों में 25 फीसदी से अधिक की गिरावट आ चुकी है।

एलआईसी निवेशकों को भारी नुकसान
एलआईसी शेयरों में भारी गिरावट लगातार जारी है। LIC के शेयरों में पहले ही इसके इश्यू प्राइस से 25% से ज्यादा की गिरावट आ चुकी है। सोमवार को बीएसई पर एलआईसी में 4 फीसदी से ज्यादा की गिरावट आई और वो गिरकर 677.45 रुपए पर पहुंच गया है। जबकि एलआईसी का इश्यू प्राइस 949 रुपए था। सोमवार को एलआईसी आईपीओ में पैसा लगाए एंकर निवेशकों का लॉक-इन-पीरियड खत्म हो रहा है।

लाल निशान पर बंद हुआ एलआईसी का शेयर
एलआईसी के शेयरों में लगातार गिरावट जारी है। एक महीने में इस शेयर में 25 फीसदी तक की गिरावट आ चुकी है। वहीं स्टॉक एक्सपर्ट्स का कहना है कि इस शेयर में अभी और गिरावट आएगी। एलआईसी आईपीओ प्राइस 949 रुपए प्रति शेयर था, जो लगातार गिरकर आज 690 रुपए के नीचे आ गया है।

लिस्टिंग के बाद गिरने वाला एशिया का दूसरा शेयर
एलआईसी में जारी गिरावट ने नया रिकॉर्ड बना दिया है। कंपनी के शेयर लिस्टिंग के बाद 29 फीसदी तक चुके हैं। यह लिस्टिंग के बाद सबसे ज्यादा गिरने वाला एशिया का दूसरा शेयर बन गया है। साउथ कोरिया की कंपनी एलजी एनर्जी इस लिस्ट में नंबर 1 है।

निवेशको को 1.65 लाख करोड़ का नुकसान
एलआईसी में निवेश करने वाले निवेशकों का अब तक 1.65 लाख करोड़ रुपया डूब चुका है। जब आईपीओ की लिस्टिंग हुई थी तो इसका मार्केट कैप 6.02 लाख करोड़ रुपए था। जबकि सोमवार, 13 जून को एलआईसी का मार्केट कैप गिरकर 4.34 लाख करोड़ रुपए रह गया। यानी इस तरह निवेशकों के 1.65 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा का नुकसान हो चुका है।












Click it and Unblock the Notifications