विदेशी क्रिप्टो एक्सचेंजों पर लग सकती है 18% GST, सरकार ने बनाया है ये प्लान

नई दिल्ली, 3 जुलाई। भारत सरकार देश में क्रिप्टोकरेंसी को विनियमित करने के लिए नए कानूनों पर विचार कर रही है। ऐसी संभावना जताई जा रही है कि विदेशी एक्सचेंजों को 18% पर माल और सेवा कर (जीएसटी) का भुगतान करने का नियम बनाया जा सकता है। जीएसटी का 18% स्लैब पूंजीगत वस्तुओं और औद्योगिक बिचौलियों के लिए है, जबकि 28% का उच्चतम स्लैब ऑटोमोबाइल जैसे लग्जरी सामानों पर लागू होता है। यह शेयर बाजार में पारंपरिक शेयरों में ट्रेडिंग के साथ ब्रोकरेज पर कर के समान है।

Cryptocurrency

भारतीय क्रिप्टो एक्सचेंज पहले से ही अपने उपयोगकर्ताओं से जीएसटी वसूलते हैं। ट्रेडिंग शुल्क भी लिया जाता है जो एक्सचेंज बिटकॉइन, एथेरियम और दूसरी क्रिप्टोकरेंसी की खरीद मूल्य में जोड़ते हैं। एक्सचेंज अपने सामान्य कर भुगतान के हिस्से के रूप में सरकार को जीएसटी का भुगतान करते हैं।

इकोनॉमिक्स टाइम्स की खबर के मुताबिक भारत के बाहर स्थित क्रिप्टो एक्सचेंज इन टैक्स का कम भुगतान कर रहे है। इसीलिए इन्हें कर प्रणाली के अंतर्गत लाने के लिए भारत सरकार भारतीय उपयोगकर्ताओं के साथ विदेशी क्रिप्टो एक्सचेंज को ऑनलाइन सूचना डेटाबेस एक्सेस एंड रिट्रीवल (ओआईडीएआर) सेवाओं के रूप में वर्गीकृत कर सकती है।

क्या है ओआईडीएआर?
ओआईडीएआर का नियम कहता है कि भारतीयों या भारत में रहने वाले लोगों को प्रदान की जाने वाली किसी भी डिजिटल या डेटा सेवा पर कर लगाया जाना चाहिए। भले ही कोई भौतिक इंटरफ़ेस न हो। इस कानून के प्रभावी होने के लिए केवल एक चीज आवश्यक है कि आपूर्ति का 'विषय', यानी उपभोक्ता, भारत में स्थित होना चाहिए।

जिन सवालों के जवाब मिलने बाकी
स्थानीय और विदेशी क्रिप्टो एक्सचेंजों को समान स्तर पर रखना समझ में आता है लेकिन अभी भी इस पर फैसला होना बाकी है कि क्रिप्टोकरेंसी को वित्तीय संपत्ति, सिक्योरिटी या मुद्रा माना जाए या नहीं। साथ ही यह भी साफ नहीं है कि 18 प्रतिशत जीएसटी स्लैब सभी लेनदेन पर लागू होगा या केवल लाभ से ही इसे लिया जाएगा। वर्तमान में पारंपरिक ब्रोकरेज पर लगाया जाने वाला 18% जीएसटी केवल लाभ या कंपनी के लिए गए कमीशन पर है। इसे पूरे लेनदेन पर नहीं लिया जाता है।

पिछले महीने एक रिपोर्ट आई थी जिसमें कहा गया था कि देश के बाहर के एक्सचेंजों पर 2% लेवी लग सकती है जिससे भारतीय खरीदारों को क्रिप्टोकरेंसी के लिए ज्यादा कीमत चुकानी पड़ेगी।

महामारी के दौरान क्रिप्टोकरेंसी बाजार में तेजी आने के बाद अब इस इंडस्ट्री के लिए करों को लाने की कोशिश तेज हुई है। पिछले एक साल में दुनिया की सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन ने 600 प्रतिशत की उछाल भरी है। हालांकि मई में इसने भारी गिरावट देखी है, उसके बावजूद यह अभी भी 30,000 डॉलर के पार कारोबार कर रही है। बिटकॉइन के साथ ही एथेरियम, डोजकॉइन, लाइटकॉइन जैसी दूसरी क्रिप्टोकरेंसी भी अच्छा कारोबार कर रही हैं।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+