Bijnor: पुलिस दबिश के दौरान छत से नीचे गिरकर हुई शख्स की मौत, दरोगा समेत 4 पुलिसकर्मी हुए सस्पेंड
Bijnor News: उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले में एक शख्य छत से नीचे गिर गया, जिससे उसकी मौत हो गई। ऐसा बताया जा रहा है कि बिजनौर पुलिस शख्स को पकड़ने के लिए गई थी। इस दौरान उसने छत के रास्ते भागने की कोशिश की।
पुलिस बचने के चक्कर आरोपी शख्स का बैलेंस बिगड़ गया और वह छत से नीचे गिर गया। इस मामले में बिजनौर एसपी ने कार्रवाई करते हुए दरोगा समेत 4 पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया। इस घटना के बाद समाजवादी पार्टी के नेताओं ने पूरी घटना की मजिस्ट्रेट जांच के लिए डीएम को पत्र लिखा है।

फिलहाल, इस मामले की जांच एसपी ग्रामीण कर रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह मामला बिजनौर के धामपुर के तिबड़ी गांव का है। पुलिस अधीक्षक नीरज कुमार जादौन ने बताया कि धामपुर थाने में 28 अगस्त को शबाना नाम की महिला ने तीबड़ी गांव निवासी शहजाद (40) के विरुद्ध अभियोग दर्ज कराया था।
महिला की तहरीर पर पुलिस ने शहजाद के खिलाफ धारा 241 और 506 में मुकदमा दर्ज किया था। केस दर्ज करने के बाद पुलिस आरोपी की गिरफ्तारी के प्रयास में जुटी हुई थी। बताया कि धामपुर पुलिस को सूचना मिली थी कि आरोपी इस वक्त देहात कोतवाली इलाके में है, जिसके बाद एक टीम उक्त स्थान पहुंची।
पुलिस को देखते ही आरोपी शहजाद भागने लगा और उसी दौरान वह छत से नीचे गिर गया। नीचे गिरने से शहजाद की मौत हो गई। इस घटना के बाद इलाके में बवाल मच गया और लोगों ने हंगामा शुरू कर दिया। खबर के मुताबिक, शहजाद की मौत के बाद गुस्साई भीड़ ने पुलिसकर्मियों को दौड़ा लिया। इस दौरान पुलिसकर्मियों को वहां से अपनी जान बचाकर भागना पड़ा।
वहीं, इस घटना से नाराज लोगों ने रात को ही पानीपत-खटीमा मार्ग पर जाम लिया दिया। घटना और जाम की सूचना पर पुलिस अधीक्षक मौके पर पहुंचे और पूरी घटना की जानकारी ली। इस दौरान मृतक शहजाद के परिजनों ने पुलिसकर्मियों पर ईंट फेंककर मारने का आरोप लगाया। आरोप है कि पुलिसकर्मियों द्वारा फेंकी गई ईंट शहजाद के सर पर लगी, जिससे वह छत से नीचे जा गिरा और उसकी मौत हो गई।
परिजन की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर् कर लिया है। साथ ही, दबिश देने गए पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है और उनपर जांच बैठा दी गई है। बता दें कि इस मामला की जांच पुलिस अधीक्षक ने एसपी ग्रामीण को सौंपी है। एसपी ने बताया कि इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें पुलिसकर्मी भागते हुए दिखाई दे रहे हैं। जबकि, उन्हें घायल शहजाद को अस्पताल लेकर जाना चाहिए था।
एसपी ने कहा कि उनका ऐसा न करना लापरवाही प्रदर्शित करता है। इस मामले में दरोगा अनिल, मुख्य आरक्षी मनोज कुमार, आरक्षी अंकित राणा और विजय तोमर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। बताया कि मजिस्ट्रेट जांच के लिए भी जिलाधिकारी को पत्र लिखकर अनुरोध किया गया है।












Click it and Unblock the Notifications