इस ऐप के जरिए मिलेगा सेकेंड हैंड दूल्हा, विधवाएं बेफिक्र हो कर सकेंगी 'पुनर्विवाह'
Recommended Video

पटना। बिहार में अब विधवाओं की समस्याओं को देखते हुए बिहार राज्य महिला आयोग ने पुनर्विवाह कराने और विधवाओं को एक मंच से जोड़ने की योजना बनाई है। इसके लिए चलो चलो पुनर्विवाह की बात करें नाम से एक ऐप लॉन्च किया जा रहा है, जहां विधवा के लिए आसानी से सेकंड हैंड योग्य दूल्हा खोजा जा सकता है। इस ऐप से सभी महिलाओं को जोड़ा जाएगा और ऐप के जरिए उनकी शादी का प्रस्ताव भी तैयार होगा। साथ ही साथ विधवा महिलाओं और एकल महिला के साथ हो रही हिंसा की भी रोकथाम की जाएगी। फिलहाल इस ऐप पर काम चल रहा है और इसे अगले महीने तक तैयार कर लिया जाएगा।

मिली जानकारी के अनुसार राज्य महिला आयोग के द्वारा 'चलो-चलो पुनर्विवाह की बात करें' ऐप की तैयारी बड़े ही जोर-शोर पर की जा रही है। इस ऐप से अब विधवा महिला के साथ साथ अकेली रहने वाली महिलाओं को भी मदद मिलेगी। विधवा महिला इस ऐप में जाकर अपना नाम पता और उम्र के साथ एजुकेशन, मोबाइल नंबर रजिस्टर करा सकेंगी। साथ ही वैसे पुरुष जो दूसरी शादी करना चाहते हैं उस ऐप के जरिए अपना रजिस्ट्रेशन कराएंगे। जिस पर योग्य सेकंड हैंड दूल्हा विधवा महिला आसानी से खोज सकेंगी। इसके साथ-साथ इस ऐप को सरकारी योजनाओं से भी जोड़ा जाएगा। इसमें वैसे लोग जो विधवा महिला के साथ शादी करेंगे उनके लिए प्रोत्साहन राशि और विधवा को मिलने वाले प्रोत्साहन राशि के साथ-साथ अन्य योजनाओं का भी लाभ मिलेगा।
मामले की जानकारी देते हुए आयोग की सदस्य उषा विद्यार्थी ने बताया कि ऐप बनाने का काम चल रहा है और इसके लिए सबसे पहले सामाजिक कार्यकर्ता और सरकार की मदद से पूरे बिहार में विधवा महिलाओं की सूची तैयार की जाएगी। उसके बाद उसके विवाह के लिए रजिस्ट्रेशन किया जाएगा। इस ऐप का निर्माण इसलिए किया जा रहा है कि विधवा महिला के साथ आज भी समाज में दुर्व्यवहार किया जाता है। यहां तक कि उनके पति की मृत्यु के बाद उन्हें प्रॉपटी से भी बेदखल कर दिया जाता है। इसके साथ-साथ उसके साथ घरेलू हिंसा भी की जाती है, जिससे विधवा महिला की जीवन का विकल्प समाप्त हो जाता है। उधर बेटी को विधवा होने के बाद उसके मायके वाले भी अपनाने को तैयार नहीं होते हैं। इन्हीं सब बातों को देखते हुए महिला आयोग ने एक ऐसा मंच तैयार करने का फैसला लिया है, जहां उनके लिए रिश्ते के साथ-साथ हिंसा रोकथाम की भी समस्या का समाधान किया जा सके। कोशिश की जा रही है कि, अगले महीने से यह ऐप बिहार में चालू कर दिया जाए।












Click it and Unblock the Notifications