भोपाल में वन इंडिया की खबर का असर, अयोध्या नगर बायपास पर शराबियों के ठिकाने ध्वस्त,अतिक्रमण पर चला बुलडोजर
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के अयोध्या नगर बायपास पर शराब दुकान के पास सड़क किनारे शराबियों के जमावड़े और अतिक्रमण की समस्या ने स्थानीय लोगों के लिए मुसीबत खड़ी कर दी थी। वन इंडिया हिंदी की ग्राउंड रिपोर्टिंग ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाया, जिसके बाद भोपाल नगर निगम और प्रशासन हरकत में आए।
7 अगस्त 2025 को नगर निगम ने अयोध्या नगर बायपास पर शराब दुकान के आसपास अवैध रूप से चल रही खाने-पीने की गुमटियों और अन्य अतिक्रमणों को ध्वस्त कर दिया। इस कार्रवाई ने न केवल सड़क पर ट्रैफिक जाम की समस्या को कम किया, बल्कि क्षेत्र में शराबियों के जमावड़े को भी नियंत्रित करने में मदद की। आइए, इस खबर की पूरी कहानी और इसके पीछे की पृष्ठभूमि को विस्तार से जानते हैं।

पृष्ठभूमि: शराब दुकानों के पास अतिक्रमण और ट्रैफिक जाम की समस्या
मध्य प्रदेश में नई आबकारी नीति के तहत पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की सरकार ने शराब दुकानों के पास हाथ ठेलों और खाने-पीने की दुकानों को बंद करने का नियम लागू किया था। इस नीति का मकसद शराब दुकानों के आसपास शराबियों के जमावड़े को रोकना और सड़कों पर व्यवस्था बनाए रखना था। हालांकि, इस नियम के लागू होने के बाद भी शराबियों ने शराब दुकानों के बाहर सड़क किनारे बैठकर शराब पीना शुरू कर दिया। इससे अयोध्या नगर बायपास जैसे व्यस्त इलाकों में ट्रैफिक जाम और असामाजिक गतिविधियों की समस्या बढ़ गई।

वन इंडिया हिंदी के संवाददाता लक्ष्मी नारायण ने इस समस्या को ग्राउंड जीरो से उजागर किया। उनकी रिपोर्ट में दिखाया गया कि अयोध्या नगर बायपास पर स्थित शराब दुकान के पास शराबी सड़क किनारे बैठकर शराब पी रहे थे, जिससे सड़क के दोनों ओर भारी जाम लग रहा था। आसपास के निवासियों और दुकानदारों ने इस स्थिति को लेकर कई बार शिकायत की थी, लेकिन प्रशासन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही थी।
वन इंडिया की खबर का असर: प्रशासन ने लिया त्वरित एक्शन
वन इंडिया हिंदी की इस ग्राउंड रिपोर्ट ने प्रशासन को झकझोर दिया। संवाददाता लक्ष्मी नारायण ने इस मुद्दे को अयोध्या नगर थाना प्रभारी महेश लिल्हारे के सामने रखा और उनसे बातचीत की। थाना प्रभारी ने वन इंडिया हिंदी को आश्वासन दिया कि वे इस मामले में जल्द कार्रवाई करेंगे और भोपाल नगर निगम को पत्र लिखकर अतिक्रमण हटाने का निर्देश देंगे। इस खबर के बाद प्रशासन ने तत्काल हरकत में आते हुए 6 अगस्त 2025 को अयोध्या नगर बायपास पर कार्रवाई शुरू की।
भोपाल नगर निगम की टीम ने पुलिस बल के साथ मिलकर शराब दुकान के पास अवैध रूप से चल रही खाने-पीने की गुमटियों और अन्य अतिक्रमणों पर बुलडोजर चलाया। इस कार्रवाई में सड़क किनारे बनी कई गुमटियां और अस्थायी ढांचे ध्वस्त कर दिए गए। इससे न केवल सड़क पर जाम की समस्या कम हुई, बल्कि क्षेत्र में शराबियों के जमावड़े पर भी लगाम लगी।

थाना प्रभारी का बयान और प्रशासन की प्रतिबद्धता
अयोध्या नगर थाना प्रभारी महेश लिल्हारे ने वन इंडिया हिंदी से बातचीत में कहा, "हमने इस समस्या को गंभीरता से लिया है। शराब दुकान के पास अतिक्रमण और शराबियों के जमावड़े की शिकायतें मिल रही थीं। हमने तुरंत नगर निगम को पत्र लिखा और कार्रवाई के लिए कहा। अब इस क्षेत्र में नियमित निगरानी की जाएगी ताकि ऐसी स्थिति दोबारा न बने।"
भोपाल नगर निगम के एक वरिष्ठ अधिकारी ने भी इस कार्रवाई की पुष्टि करते हुए कहा, "वन इंडिया की खबर ने हमारा ध्यान इस गंभीर समस्या की ओर खींचा। हमने तुरंत कार्रवाई की और अयोध्या नगर बायपास पर सभी अवैध अतिक्रमणों को हटा दिया। भविष्य में भी ऐसी शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई की जाएगी।"
अयोध्या नगर बायपास पर शराब दुकान के पास अतिक्रमण और शराबियों का जमावड़ा स्थानीय निवासियों के लिए लंबे समय से परेशानी का सबब बना हुआ था। महिलाएं और बच्चे इस क्षेत्र से गुजरने में असहज महसूस करते थे, क्योंकि सड़क किनारे शराब पी रहे लोग अक्सर असामाजिक व्यवहार करते थे। इसके अलावा, ट्रैफिक जाम के कारण इस व्यस्त सड़क पर वाहनों की आवाजाही बाधित हो रही थी, जिससे दैनिक यात्रियों और दुकानदारों को भारी परेशानी हो रही थी।
इस कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है। एक स्थानीय निवासी राकेश वर्मा ने कहा, "शराब दुकान के पास गुमटियों और शराबियों की वजह से यह इलाका असुरक्षित हो गया था। वन इंडिया की खबर और नगर निगम की कार्रवाई से अब स्थिति सुधरेगी। हम चाहते हैं कि प्रशासन नियमित निगरानी करे ताकि यह समस्या दोबारा न आए।"
नई आबकारी नीति और चुनौतियां
मध्य प्रदेश आबकारी नीति 2022-23 के तहत शराब दुकानों के पास खाने-पीने की गुमटियों और ठेलों को बंद करने का प्रावधान था, ताकि शराबियों का जमावड़ा रोका जा सके। हालांकि, इस नीति का पालन पूरी तरह नहीं हो पाया। कई शराब दुकानों के आसपास गुमटियां और अस्थायी दुकानें फिर से शुरू हो गईं, जो शराबियों के लिए ठिकाने बन गईं। अयोध्या नगर बायपास इसका एक प्रमुख उदाहरण था, जहां शराब दुकान के पास गुमटियों में खाना और पानी उपलब्ध होने के कारण शराबी सड़क पर ही बैठकर शराब पीने लगे।
आबकारी विभाग और नगर निगम की यह संयुक्त कार्रवाई इस नीति को सख्ती से लागू करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। सहायक आबकारी आयुक्त वीरेंद्र धाकड़ ने कहा, "हम शराब दुकानों के आसपास अतिक्रमण और अवैध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं करेंगे। ऐसी कार्रवाइयां नियमित रूप से की जाएंगी।"
वन इंडिया हिंदी की भूमिका
वन इंडिया हिंदी की ग्राउंड जीरो रिपोर्टिंग ने इस मामले में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। संवाददाता लक्ष्मी नारायण ने न केवल इस समस्या को उजागर किया, बल्कि स्थानीय प्रशासन और पुलिस को कार्रवाई के लिए प्रेरित भी किया। उनकी खबर ने न केवल अयोध्या नगर बायपास की समस्या को राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में लाया, बल्कि अन्य क्षेत्रों में भी ऐसी समस्याओं पर ध्यान देने की जरूरत को रेखांकित किया।
वन इंडिया हिंदी के एक बयान में कहा गया, "हमारी पत्रकारिता का मकसद जनता की समस्याओं को सामने लाना और प्रशासन को कार्रवाई के लिए प्रेरित करना है। अयोध्या नगर में हुई इस कार्रवाई से हमें खुशी है कि हमारी खबर का सकारात्मक असर हुआ।"












Click it and Unblock the Notifications