• search
आगरा न्यूज़ के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  

हॉस्पिटल में नहीं मिली ऑक्सीजन तो पति को मुंह से सांस देती रही पत्नी, फिर भी नहीं बच सकी जान

|

आगरा, अप्रैल 24: कोरोना वायरस महामारी के बीच उत्तर प्रदेश के आगरा जिले से एक दिल को झकझोर देने वाली खबर सामने आई है। दरअसल, यहां ऑक्सीजन की कमी के चलते रवि सिंघल (47) की मौत हो गई। हालांकि, रवि सिंघल की पत्नी उन्हें ऑटो में लेकर एसएन मेडिकल कॉलेज पहुंची, लेकिन लाख कोशिश के बाद उनके पति को अस्पताल में भर्ती नहीं किया गया। इस दौरान वो अपने पति अपने मुंह से ऑक्सीजन देने का प्रयास करती रही।

wife breaths gave to husband through her mouth

अमर उजाला की खबर के मुताबिक, आगरा के आवास विकास सेक्टर-सात निवासी रवि सिंघल (47) की तबीयत खराब हो गई। सांस लेने में तकलीफ होने लगी। इस पर पत्नी रेनू सिंघल परिजनों के साथ रवि को लेकर श्रीराम हॉस्पिटल, साकेत हॉस्पिटल और केजी नर्सिंग होम पहुंचीं। बेड खाली न होने से मरीज को कहीं भर्ती नहीं किया गया। आखिरकार रेनू सिंघल ऑटो में बीमार पति को लेकर एसएन मेडिकल कॉलेज पहुंचीं। रास्ते में वह पति को बार-बार मुंह से सांस देने का प्रयास कर रही थी।

एसएन मेडिकल कॉलेज में डॉक्टरों ने देखने के बाद मृत घोषित कर दिया। रेनू को जैसे सुनकर विश्वास नहीं हुआ। उनके आंसू रुकने का नाम नहीं ले रहे थे। एसएन मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी पहुंचे खतैना निवासी गोविंद प्रसाद गर्ग (70 वर्ष) को भर्ती नहीं किया गया। इन्हें बुखार आ रहा था। सांस लेने में भी परेशानी हो रही थी। विभव नगर निवासी राजकुमार को पेट में तकलीफ थी। इन्हें भी भर्ती नहीं किया गया। वहां से निराश लौटना पड़ा। बताया कि गंभीर मरीजों को ही इमरजेंसी में भर्ती किया जा रहा है।

ये भी पढ़ें:- परमवीर चक्र विजेता अब्दुल हमीद के बेटे ने Oxygen की कमी से तोड़ा दम, परिजनों ने लगाया ये आरोपये भी पढ़ें:- परमवीर चक्र विजेता अब्दुल हमीद के बेटे ने Oxygen की कमी से तोड़ा दम, परिजनों ने लगाया ये आरोप

रुनकता के संतोष को परिजन ऑटो से लेकर दोपहर साढ़े तीन बजे प्रभा हॉस्पिटल पहुंचे। संतोष को उल्टी, दस्त के साथ सांस लेने में तकलीफ हो रही थी। आधे घंटे तक परिजनों ने हॉस्पिटल में भर्ती कराने का प्रयास किया, लेकिन बेड खाली न होने का हवाला देकर उन्हें भर्ती नहीं किया गया। ऑक्सीजन संकट के कारण 34 निजी कोविड अस्पतालों में गंभीर मरीजों के लिए जीवन रक्षक उपकरण भी उपलब्ध नहीं हो रहे हैं। 34 कोविड अस्पतालों में हाई फ्लो ऑक्सीजन गैस नहीं मिलने से 350 से अधिक नेजल कैनुला, बाईपेप, वेंटिलेटर बंद हो गए हैं। मरीज को सीधे सिलिंडर से ऑक्सीजन दी जा रही है।

English summary
wife breaths gave to husband through her mouth
देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X