• search
क्विक अलर्ट के लिए
अभी सब्सक्राइव करें  
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

यूपीए सरकार से समर्थन वापस ले सकती हैं मायावती

|

Mayawati demands roll back in diesel price and FDI
लखनऊ। उत्‍तर प्रदेश की पूर्व मुख्‍यमंत्री और बसपा सुप्रीमो मायावती ने केंद्र की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद कर ली है। उन्‍होंने रिटेल में एफडीआई और डीजल का दाम बढ़ाने का विरोध किया है। बसपा ने केंद्र सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि अगले महीने होने वाली कार्यकारिणी बैठक में हम सरकार को दिए जा रहे समर्थन के बारे में सोचेंगे।

लखनऊ में मीडिया से बात करते हुए उन्‍होंने चेतावनी दी कि अगर जनविरोधी फैसलों को वापस नहीं लिया गया, तो हम समर्थन वापस भी ले सकते हैं। सरकारी की गलत नीतियों के कारण देश में गरीबों का जीना हराम हो गया है। उन्‍होंने कहा कि पहले सरकार ने डीजल के दामों में बढ़ोतरी और उसके बाद रसोई गैस पर से सब्सिडी का खेल, और अब खुदरा में एफडीआई को भी मंजूरी दे दी।

उन्‍होंने कहा कि केंद्र के इस फैसले से गरीबों पर काफी बोझ पड़ रहा है। बसपा ने केंद्र की गलत नीतियों का हमेशा विरोध किया है, लेकिन सरकार जिस तरह से एक साथ कई नीतियों को लाती जा रही है, उसको देखते हुए अब समर्थन पर विचार करना होगा। केंद्र के इस फैसले से गरीब पर काफी बोझ पड़ेगा। उनका गुजर बशर करना मुश्किल हो जाएगा।

माया ने कहा कि डीजल की कीमत में बढ़ोतरी, रसोई गैस में बढ़ोतरी और एफडीआई को मंजूरी देने के फैसले का वह कड़े शब्‍दों में निंदा करती हैं। उन्‍होंने कहा कि 9 अक्‍टूबर को बसपा ने राष्‍ट्रीय संकल्‍प रैली बुलाई है। इस रैली में पूरे देश के कार्यकर्ता और पदाधिकारी शामिल होंगे। 10 अक्‍टूबर को राष्‍ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक द्वारा समर्थन पर विचार किया जा सकता है।

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Bahujan Samaj Party chief Mayawati has demanded that the Central Government roll back its decision to diesel price hike, restricting supply of subsidised cooking gas, and Foreign Direct Investment (FDI).
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more
X