विधायक जी ने फर्जी मार्कशीट लगाकर कराया बेटी का दाखिला

Delhi Map
दिल्ली (ब्यूरो)। जिस देश का कानून बनाने वाला विधायक ही फर्जी मार्कशीट के जरिए बेटी का कालेज में दाखिला कराए उसका क्या हाल होगा। बहरहाल धोखाधड़ी के मामले में फंसे जंगपुरा विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस विधायक तरविंदर सिंह को मुख्यमंत्री के संसदीय सचिव पद से हटा दिया गया है। उनके खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। मामला माता सुंदरी कॉलेज फॉर वोमेन की ओर से दी गई शिकायत के बाद आईपी इस्टेट थाने में दर्ज किया गया। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि विधायक ने बेटी का फर्जी मार्कशीट देकर कॉलेज में दाखिला करवाया है। पुलिस अधिकारी ने मामला दर्ज किए जाने की पुष्टि की है।

पुलिस सूत्रों के मुताबिक माता सुंदरी कॉलेज की ओर से दर्ज शिकायत में कहा गया कि वर्ष 2011 में दिल्ली में फर्जी सर्टिफिकेट के मामले उजागर होने के बाद कॉलेज प्रशासन के बाद अज्ञात फोन आए। जिसमें कहा गया कि विधायक तरविंदर सिंह मारवाह ने फर्जी मार्कशीट देकर अपनी बेटी का कॉलेज में दाखिला करवाया है। दाखिले के लिए मध्य प्रदेश स्टेट ओपन स्कूल, भोपाल का मार्कशीट दिया था।

कालेज प्रशासन ने उक्त स्कूल से जानकारी मांगी तो पता चला कि विधायक के बेटी के नाम से कोई सर्टिफिकेट जारी नहीं किया है। साथ ही मार्कशीट पर जो रोल नंबर लिखा गया है उसे जारी ही नहीं किया गया है। वहीं विधायक के परिजनों ने मार्क शीट को असली बताया लेकिन असली होने का कोई सबूत नहीं दिया। कॉलेज प्रशासन ने इस बाबत आईपी इस्टेट थाने में विधायक के खिलाफ फर्जीवाड़ा करने का मामला दर्ज कर इसकी जांच करने का अनुरोध किया। पुलिस ने विधायक के खिलाफ धारा 420,468 और 471 का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

मुख्यमंत्री के संसदीय सचिव तरविंदर मारवाह के खिलाफ धोखाधड़ी काम मामला सामने आते ही उनका संसदीय सचिव का पद छीन लिया गया है। मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने जंगपुरा से विधायक तरविंदर मारवाह से मामले में पहले सफाई मांगी। शीला ने स्वीकार किया है कि मारवाह ने फोन पर इस्तीफा भेजे जाने की जानकारी दी है। मुख्यमंत्री ने पिछले विधानसभा चुनाव में जीत दर्ज करने के बाद मारवाह समेत तीन विधायकों को संसदीय सचिव बनाया था। तीनों को सचिवालय में दफ्तर दिए गए हैं। इन्हें विशिष्ट सुविधाएं दी जाती हैं। सरकार के सूत्र बताते हैं कि एमसीडी चुनाव को देखते हुए भ्रष्टाचार के मामले में मुख्यमंत्री कड़ा संदेश देना चाहती हैं इसलिए कार्रवाई की गई है। मीडिया में आई खबरों को देखते हुए मंगलवार सुबह शीला दीक्षित ने मारवाह से पूछा कि यह क्या छपा है। जबाव मिला कि पारिवारिक मामला था। तपाक से मुख्यमंत्री ने इस्तीफा मांग लिया। भाजपा नेताओं ने पुलिस आयुक्त से मुलाकात की।

कांग्रेस विधायक एवं मुख्यमंत्री के संसदीय सचिव तरविंदर सिंह मारवाह की बेटी का माता सुंदरी कॉलेज में फर्जी दस्तावेजों के आधार पर प्रवेश
दिलाने के मामले ने राजनीतिक रंग लेना शुरू कर दिया है। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता एवं अन्य भाजपा नेताओं ने पुलिस आयुक्त को बताया कि मुख्यमंत्री एवं तरविंदर सिंह मारवाह ने आपराधिक षडयंत्र के तहत माता सुंदरी कालेज में जसमिन कौर का फर्जी दस्तावेजों, मार्कशीट आदि के आधार पर प्रवेश दिलवाया है। पुलिस आयुक्त ने आश्वासन दिया है कि दोषियों के खिलाफ आज ही प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज करके आवश्यक कानूनी कार्यवाही शुरू की जाएगी। वहीं भाजपा नेताओं ने शीला दीक्षित एवं तरविंदर से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए स्वयं तत्काल इस्तीफा देने की मांग की।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+