• search
क्विक अलर्ट के लिए
अभी सब्सक्राइव करें  
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

छत्तीसगढ़ में डायन का मामला

By Staff
|
छत्तीसगढ़ में डायन का मामला
सलमान रावीबीबीसी संवाददाता, रायपुर

भारत के कुछ राज्यों में डायन के नाम पर महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार की घटनाएं होती रहती हैं.छत्तीसगढ़ के एक गांव में कथित रुप से डायन होने के आरोप में तीस महिलाओं को जड़ी बूटी का घोल पीना पडा जिससे वो बीमार पड़ गईं.यह घटना राज्य के जांजगीर-चांपा ज़िले के शिवनी गाँव की है. गांव में एक लड़की के जल जाने की घटना के बाद लोगों ने इसके पीछे डायन होने की बात कही और फिर ओझा को बुलाया गया.

ओझा ने जड़ी बूटियों का एक घोल बनाकर 30 महिलाओं को दिया और उन्हें ये घोल पीना पडा ताकि ये साबित हो कि वो डायन नहीं हैं.इस घोल को पीने से सभी महिलाओं की हालत बिगड़ गई और उन्हें स्थानीय डीबीएम अस्पताल में भरती कराया गया.हांलाकि उपचार के बाद ज़्यादातर महिलाओं को घर वापस भेज दिया गया है मगर पांच की तबीयत ज्यादा ख़राब बताई जा रही है. पुलिस का कहना है कि अस्पताल में भरती महिलाएं खतरे से बाहर हैं.

पुलिस का कहना है कि शिवनी के सीताराम राठोड़ की 18 वर्षीय पुत्री हीराबाई कुछ दिनों पहले जल गई थी. उससे पहले वह बीमार रहा करती थी.गांववालों को शक था कि हीराबाई पर भूत प्रेत का साया है इसीलिए उन्होंने झाडफूँक कराने के लिए एक बैगा यानी ओझा को गाँव बुलवाया. झाडफूँक करने वाले ओझा ने गाँव वालों को बताया कि इसी टोले में कोई महिला है जो कथित रूप से डायन है और उसी के प्रकोप की वजह से हीराबाई बीमार पड़ रही है.

बस फिर क्या था रविवार को टोले में मौजूद लगभग हर व्यस्क महिला को गाँव की चौपाल में ज़बरदस्ती आने का फरमान जारी किया गया.महिलाएं जब चौपाल में जमा हुईं तो ओझा नें कुछ गांववालों के साथ मिलकर जड़ी बूटियों का घोल बनाया. ओझा का कहना था कि घोल पीने के बाद इनमे से जो डायन होगी वह खुद ब खुद बोलने लगेगी.घोल पीने के बाद सभी महिलाएं वापस घर चली गयीं. फिर एक एक कर इनकी तबीयत बिगड़ने लगी और उन्हें सरकारी ज़िला अस्पताल में भरती कराया गया.

चंपा के नगर पुलिस निरीक्षक राजेश जोशी नें बीबीसी को फ़ोन पर घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि महिलाओं को एक प्रकार की ज़हरीली जड़ी का घोल पिलाया गया जिसकी वजह से उनकी तबीयत ख़राब हो गई.उनका कहना था, "हीराबाई के परिवारवालों नें बैगा यानी तांत्रिक के साथ मिलकर 25 से 30 महिलाओं को ज़बरदस्ती जड़ी का घोल पिलवाया.यहाँ एक जड़ी मिलती है जिसका नाम केशवानी है. इसे पीकर महिलाओं की हालत बिगड़ने लगी."

राजेश जोशी का कहना है कि बीस महिलाओं को प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल से छोड़ दिया गया जबकि पांच अभी भी अस्पताल में भरती हैं. इनमे से एक सत्तर वर्ष की हैं जिनकी हालत ज्यादा ख़राब हो जाने की वजह से उन्हें इलाज के लिए बिलासपुर भेजा गया है.पुलिस का कहना है कि इस मामले में जांच कर रही है और घटना के संबंध में दो लोगों को हिरासत में लिया गया है जबकि मामले में पांच लोगों को नामज़द अभियुक्त बनाया गया है. गिरफ्तार लोगों में बैगा यानी ओझा भगवान दीन भी शामिल है.

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

lok-sabha-home

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
For Daily Alerts

Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more