एमक्यूएम का पाकिस्तान सरकार में शामिल होने का फैसला
इस्लामाबाद, 7 जनवरी (आईएएनएस)। पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) से अलग हुए मुत्तहिदा कौमी मूवमेंट (एमक्यूएम) ने कहा कि यदि प्रधानमंत्री यूसुफ रजा गिलानी पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतों में बढ़ोतरी वापस लेते हैं तो वह सत्तारूढ़ गठबंधन सरकार में दोबारा शामिल होगी।
टेलीविजन चैनल 'जिओ न्यूज' की शुक्रवार की रिपोर्ट में बताया गया कि गुरुवार रात समन्वय समिति की संयुक्त बैठक हुई। बैठक में एमक्यूएम ने गिलानी की शुक्रवार को कराची स्थित पार्टी मुख्यालय की प्रस्तावित यात्रा के मद्देनजर अपनी रणनीति पर चर्चा की। बैठक में गठबंधन सरकार में दोबारा शामिल होने का फैसला किया गया।
रिपोर्ट के मुताबिक गिलानी गुरुवार रात कराची पहुंचे। वह अपनी संकट से गुजर रही सरकार को बचाने के लिए शुक्रवार को एमक्यूएम के मुख्यालय नाइन जीरो का दौरा करने वाले हैं।
मूल्य वृद्धि के मुद्दे पर पीपीपी नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार से एमक्यूएम और जमीयत उलेमा-ए-इस्लाम -फजल (जेयूआई एफ) के अलग हो जाने पर सरकार संसद में बहुमत खो चुकी है।
सूत्रों ने बताया कि गिलानी एमक्यूएम मुख्यालय पर कुछ महत्वपूर्ण घोषणाएं कर सकते हैं।
उल्लेखनीय है कि नेशनल असेम्बली में एमक्यूएम की 25 और सीनेट में छह सीटें हैं। यदि गिलानी एमक्यूएम का समर्थन पाने में सफल हो जाते हैं तो वह बहुमत हासिल कर लेंगे। पीपीपी के पास 125 सदस्य हैं जबकि बहुमत साबित करने के लिए उन्हें 47 सदस्यों की और जरूरत है।
गिलानी को अवामी नेशनल पार्टी के 13, पीर पागड़ा के नेतृत्व वाले फंक्शनल लीग के पांच और करीब 17 निर्दलीय सदस्यों का समर्थन प्राप्त है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।


Click it and Unblock the Notifications