रैन बसेरों को हटाना असंवेदनशील : न्यायालय
अदालत ने यह टिप्पणी उस वक्त की जब न्यायमूर्ति दलवीर भंडारी और न्यायमूर्ति दीपक वर्मा की पीठ को यह बताया गया कि पिछले कुछ दिनों में दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) की भूमि पर बनाए गए दो रैन बसेरों को हटा दिया गया है।
मानवाधिकार संगठन 'पीपुल्स यूनियन फॉर सिविल लिबरटीज' (पीयूसीएल) की याचिका की सुनवाई के दौरान पीठ ने उक्त टिप्पणी दी। याचिका में राजधानी के बेघर गरीब लोगों के लिए पर्याप्त संख्या में रैन बसेरा का निर्माण करने के लिए केंद्र और राज्य सरकार को निर्देश देने की मांग की गई है।
न्यायालय ने डीडीए को हटाए गए दो रैन बसेरों को तीन दिनों में फिर से बसाने का निर्देश दिया जबकि दिल्ली सरकार को उसके सभी 64 रैन बसेरों को सुचारु करने के साथ ही यहां रहने वाले लोगों को कम्बल वितरित करने के लिए कहा।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।


Click it and Unblock the Notifications