भारत गरीबी उन्मूलन लक्ष्य हासिल करने के रास्ते पर'
विश्व बैंक समूह और अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष की रिपोर्ट के अनुसार आर्थिक संकट के कारण सहास्त्राब्दी विकास लक्ष्य (एमडीजी) के कई प्रमुख क्षेत्रों में भी प्रगति प्रभावित हुई है।
इन क्षेत्रों में भूख, बाल व मातृ स्वास्थ्य, लिंग समानता, स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता और रोग नियंत्रण के क्षेत्र शामिल हैं।
'ग्लोबल मॉनिटरिंग रिपोर्ट 2010 : द एमडीजी आफ्टर द क्राइसिस' नामक रिपोर्ट में कहा गया है कि वैश्विक आथिर्क संकट दीर्घकालिक विकास लक्ष्यों को 2015 के आगे तक प्रभावित करता रहेगा।
शुक्रवार को जारी हुई इस रिपोर्ट में कहा गया है कि इसके परिणामस्वरूप वर्ष 2015 तक 5.3 करोड़ लोग अति गरीबी में बने रहेंगे।
रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत में प्रति दिन 1.25 डॉलर से कम पर गुजर बसर करने वाले लोगों की संख्या में कमी आने की उम्मीद है। वर्ष 1991 में ऐसे लोगों की संख्या 43.50 करोड़ थी। वर्ष 2015 में यह संख्या 29.50 करोड़ होने की संभावना है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications