भारत-चीन में टकराव के आसार नहीं : प्रणब
दीपांकर डे सरकार
लंदन, 9 नवंबर (आईएएनएस)। वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी का कहना है कि भारत और चीन में भले ही सीमा विवाद हो लेकिन उन्हें नहीं लगता कि यह दोनों देशों में संघर्ष की वजह बन सकता है।
मुखर्जी ने रविवार को पत्रकारों से चर्चा में कहा कि दोनों देशों के बीच व्यापार तेजी से बढ़ रहा है और भारतीय सीमा पर विकास कार्यो में तेजी आ रही है।
उन्होंने कहा, "मैं नहीं समझता कि सीमा विवाद दोनों देशों के बीच संघर्ष का कारण बन सकता है। हमारे पास एक संस्थागत व्यवस्था है। यद्यपि इस बारे में दोनों की अलग-अलग राय है लेकिन दोनों देशों के प्रधानमंत्रियों के विशेष प्रतिनिधियों की लगातार बैठकें होती रहती हैं। अभी तक एक दर्जन से अधिक बैठकें हो चुकी हैं।"
उन्होंने कहा, "सैद्धांतिक व राजनीतिक मापदंडों पर कुछ समझौते हुए हैं लेकिन विवाद का वास्तविक समाधान अभी होना बाकी है।"
मुखर्जी ने कहा, "सीमा पार चीन की तरफ हमारे मुकाबले विकास के काम बेहतर हो रहे हैं लेकिन अब हमने भी इस दिशा में काम आरंभ कर दिया है। प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने सीमा क्षेत्रों (पश्चिमी और पूर्वी ) के विकास के लिए पैकेज की घोषणा की है।"
उन्होंने कहा कि भारत और चीन के बीच सीमा क्षेत्र को लेकर विवाद है लेकिन पिछले महीने थाइलैंड में हुई दक्षिण पूर्व एशियाई देशों के संगठन (आसियान) की बैठक के दौरान प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और चीनी प्रधानमंत्री वेन जियाबाओ के बीच दो बुनियादी सिद्धांतों पर सहमति बनी थी।
उन्होंने कहा, "दोनों प्रधानमंत्रियों के बीच सीमा पर शांति व सद्भाव बनाए रखने और आर्थिक सहयोग संबंधी दो बुनियादी सिद्धांतों पर सहमति बनी थी ।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।
*


Click it and Unblock the Notifications