अब कुत्ते की जगह शेर पालिए!
चण्डीगढ़, 22 अक्टूबर (आईएएनएस)। यदि आप कुत्ते या बिल्ली के अलावा किसी अन्य जंगली जानवर को पालने की इच्छा रखते हैं तो आपके लिए एक अच्छी खबर है। दरअसल, पंजाब सरकार ने लोगों को बाघ या हाथी जैसे किसी भी जंगली जानवर को गोद लेने की इजाजत दे दी है। लेकिन आप इन जानवरों को चिड़ियाघर से अपने घर नहीं ले जा सकते।
पंजाब सरकार ने यहां के निवासियों को राज्य के बड़े चिड़ियाघरों जैसे चटबीर स्थित 'मोहिन्द्र चौधरी जूलॉजिकल पार्क' (चटबीर चिड़ियाघर) के जानवरों और पक्षियों को गोद लेने का अवसर प्रदान किया है।
चटबीर चिड़ियाघर के अलावा लुधियाना, भटिंडा और पटियाला के तीन छोटे चिड़ियाघरों, लुधियाना-चण्डीगढ़ मार्ग पर नीलोन स्थित हिरण पार्क और पटियाला स्थित चिड़ियाघर के जानवरों और पक्षियों को गोद लिया जा सकेगा।
पंजाब के प्रमुख वन्यजीव संरक्षक आर. के. लूना ने आईएएनएस से कहा, "लोगों को वन्यजीवों के संबंध में शिक्षित करने और उनका मनोरंजन करने के लिए इन सभी चिड़ियाघरों और हिरण पार्को में जानवरों और पक्षियों को रखा गया है। हमने सात अक्टूबर से एक योजना शुरू की है जिसके तहत कोई व्यक्ति, ट्रस्ट या संगठन इन चिड़ियाघरों और पार्को से जानवरों या पक्षियों को गोद ले सकता है।"
उन्होंने कहा, "इन जानवरों पर अक्सर बजट से अधिक पैसा खर्च होने की वजह से हम आर्थिक तंगी की स्थिति से गुजर रहे हैं। यह योजना एक श्रेष्ठ प्रयास है जिसमें समाज को इन मासूम और मूक जानवरों के लिए कुछ करने का अवसर मिलेगा।"
लूना ने कहा, "पसंदीदा जानवरों को एक साल या कुछ महीनों के लिए गोद लेकर लोग इनके भोजन, स्वास्थ्य और स्वच्छता में योगदान दे सकते हैं।"
लोगों को जानवरों और पक्षियों को एक साल या कुछ महीनों के लिए गोद लेने में 400 रुपये से 209,200 रुपये तक का खर्च आएगा।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।


Click it and Unblock the Notifications