तीसरे दिन भी अनसुलझी रही ईरान की परमाणु वार्ता
समाचार एजेंसी डीपीए के मुताबिक इसके पहले के दौर की बातचीत पर तेहरान की आधिकारिक टिप्पणियां छाई रहीं। वह यह कि ईरान विएना बैठक में फ्रांस के साथ बातचीत नहीं करना चाहता, बल्कि सिर्फ रूस और अमेरिका के साथ बातचीत करना चाहता है।
अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता इयान केली ने वाशिंगटन में मंगलवार को कहा था, "यह एक अच्छी शुरुआत रही। लेकिन मैं सोचता हूं कि जेनेवा समझौते को लागू करने के तौर-तरीकों पर हमें अभी भी बातचीत करने तथा विस्तार से काम करने की जरूरत है।"
केली ईरान और ब्रिटेन, चीन, फ्रांस, जर्मनी, रूस व अमेरिका के बीच पहली अक्टूबर को स्विटजरलैंड में हुए एक बुनियादी समझौते का जिक्र कर रहे थे, जिसमें यह तय हुआ था कि ईरान आगे के प्रसंस्करण के लिए संवर्धित यूरेनियम को विदेश ले जाएगा ताकि तेहरान में चिकित्सकीय उद्देश्य वाले रिएक्टर में ईंधन के रूप में उसका इस्तेमाल किया जा सके।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।


Click it and Unblock the Notifications