लालगढ़ में महिलाओं पर लाठी चार्ज

महिलाओं पर लाठी चार्ज
इसके थोड़ी ही देर बाद पुलिस ने प्रदर्शनरत जनजातीय महिलाओं के एक समूह को तितर-बितर करने के लिए उन पर लाठी चार्ज किया और आंसू गैस के गोले दागे। पुलिस संत्रास विरोधी जनसाधरण समिति (पीसीएपीए) से संबद्ध लगभग 350 की संख्या में जनजातीय महिलाओं ने क्षेत्र से सुरक्षा बलों को वापस बुलाने की मांग को लेकर लालगढ़ पुलिस थाने पर प्रदर्शन किया। इन महिलाओं को सुरक्षा कर्मियों ने रोक दिया।
चूंकि महिलाओं ने पुलिस द्वारा खड़े किए गए अवरोधकों को तोड़ने का प्रयास किया, लिहाजा उन्हें तितर-बितर करने के लिए केंद्रीय व राज्यस्तरीय सुरक्षा बलों ने शुरू में उन पर लाठी चार्ज किया और उसके बाद आंसू गैस के गोले भी दागे। एक पुलिस अधिकारी ने यहां कहा, "महिलाओं ने पुलिस थाने में जबरन घुसने की कोशिश कीं, लिहाजा हमें पहले उन पर लाठी चार्ज करना पड़ा और उसके बाद आंसू गैस के गोले भी दागने पड़े।"
महिलाओं की पिटाई का आरोप
बाद में पीसीएपीए के नेता छत्रधर महतो ने आरोप लगाया कि सुरक्षा बलों ने बगैर किसी कारण के महिलाओं की पिटाई की। यह उपद्रव ऐसे समय में शुरू हुआ, जब थोड़े ही समय पहले तृणमूल कांग्रेस का एक उच्चस्तरीय दल इलाके की स्थिति का जायजा लेकर यहां से निकल चुका था।
जहाजरानी राज्य मंत्री मुकुल रॉय, ग्रामीण विकास राज्य मंत्री शिशिर अधिकारी और राज्य विधानसभा में विपक्ष के नेता पार्था चट्टोपाध्याय प्रतिनिधिमंडल में शामिल हैं। केंद्रीय गृह मंत्री पी.चिदंबरम ने तृणमूल कांग्रेस की प्रमुख ममता बनर्जी के कहने पर सोमवार को राज्य की वाम मोर्चा सरकार से तृणमूल कांग्रेस के इस दल की सुरक्षा सुनिश्चित कराने के लिए कहा था।
स्कूलों से सुरक्षा बल हटाने की मांग
भारी सुरक्षा के बीच इस दल ने एक स्कूल का दौरा किया और छात्रों, अध्यापकों और अभिभावकों से बातचीत की। इन सभी ने शिकायत की कि इलाके के स्कूलों में सुरक्षा बलों की तैनाती से पढ़ाई में व्यवधान उत्पन्न हो रहा है। छात्र, अध्यापक और अभिभावक पिछले कुछ दिनों से स्कूलों से सुरक्षा बलों को हटाए जाने की मांग कर रहे हैं।
तृणमूल के नेताओं ने लालगढ़ पुलिस थाने का और इलाके के कुछ गांवों का भी दौरा किया और यहां के खंड विकास अधिकारी को चावल और अन्य राहत सामग्री सौंपी। चट्टोपाध्याय ने कहा, "सुरक्षा बलों की यह कार्रवाई हर हाल में रोकी जानी चाहिए। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) राजनीतिक लाभ लेने के लिए सुरक्षा बलों का इस्तेमाल कर रही है और अपने राजनीतिक विरोधियों को निशाना बना रही है।"
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।


Click it and Unblock the Notifications