हबीब तनवीर के निधन पर शीला दीक्षित ने शोक जताया
दीक्षित ने तनवीर के परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। वह इन दिनों नैनीताल में हैं। तनवीर के निधन की सूचना मिलते ही उन्होंने तनवीर की बेटी से बात की। उन्होंने कहा कि तनवीर के निधन से देश ने एक महान इंसान को खो दिया।
लंबे समय से बीमार चल रहे तनवीर ने सोमवार सुबह 6.30 बजे भोपाल स्थित नेशनल हॉस्पिटल में अंतिम सांस ली।
तनवीर ने लाजवाब नाटक लिखे, जिनमें 'आगरा बाजार' (1975) और 'चरणदास चोर' (1975) प्रमुख है। उन्होंने वर्ष 1959 में भोपाल में 'नया थियेटर' की शुरुआत की थी।
'चरणदास चोर' के लिए उन्हें वर्ष 1982 'एडिनबर्ग इंटरनेशनल ड्रामा फेस्टिवल' में सम्मानित किया गया था।
तनवीर को पद्म भूषण, पद्मश्री और संगीत नाटक अकादमी जैसे पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया था। उन्हें राज्यसभा की सदस्यता (1972-1978) के लिए भी नामित किया गया था।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।


Click it and Unblock the Notifications