'भारत सरकार ने दिये फर्जी दस्तावेज'
नई
दिल्ली। दो साल पुराने हसन अली मामले में भारत सरकार ने 40 हजार करोड़ रुपए के काले धन से जुड़े जो दस्तावेज स्विट्जरलैंड सरकार को भेजे, वो फर्जी हैं। यह बात स्विट्जरलैंड सरकार के न्यायिक सेल ने सोमवार को कही। id="toptextpromo">एक
टीवी चैनल से बातचीत में स्विस सरकार के प्रवक्ता ने कहा है कि ब्लैक मनी मामले में भारत सरकार द्वारा मुहैया कराये गए दस्तावेज फर्जी थे। विदेशी बैंकों में जमा काले धन के मसले पर भारत सरकार अब पीछे हट रही है। id='are-slot-1' class='oiad oi-axt oiadv'> id='top-searched-articles'>वर्ष
2007 में पुणे के कारोबारी हसन अली पर स्विस बैंक के अकाउंट में बड़े पैमाने पर धन जमा करने का मामला प्रवर्तन निदेशालय की नजर में आया था। स्विस सरकार के प्रवक्ता का कहना है कि इस संबंध में उन्होंने भारत से कुछ जानकारियां मांगी थीं, जिनका जवाब 24 महीने बीत जाने के बाद भी नहीं आया है। भारत सरकार काले धन का पता लगाने के सवालों पर सिर्फ कुद अनुरोध भेज कर पल्ला झाड़ लेती है।

Click it and Unblock the Notifications