श्रीलंका में जीवन रक्षक बने भारतीय सैन्य चिकित्सक
नई दिल्ली, 19 अप्रैल (आईएएनएस)। श्रीलंका में सेना और लिबरेशन टाइगर्स ऑफ तमिल ईलम (लिट्टे) के बीच लड़ाई आखिरी दौर में है और बड़े पैमाने पर तमिल नागरिक इस लड़ाई का निशाना बन रहे हैं। परंतु भारतीय सेना का एक चिकित्सा दल इन तमिल नागरिकों के लिए सबसे बड़ा सहारा है।
भारतीय सैन्य चिकित्सा दल अब तक 1,600 से अधिक लोगों का उपचार कर चुका है। इस दल ने भारत सरकार की पहल पर एक महीने पहले त्रिंकोमाली में एक अस्पताल स्थापित किया था।
श्रीलंका के स्वास्थ्य मंत्री निर्मल श्रीपाला डी सिल्वा ने आईएएनएस को फोन पर बताया, "भारतीय चिकित्सकों ने वाकई बहुत अच्छा काम किया है। वे बढ़िया काम कर रहें और उनका संचालन बहुत अच्छा है।"
भारतीय चिकित्सा दल की तैनाती जब श्रीलंका में हुई थी तब कुछ लोगों ने इसकी आलोचना की थी। परंतु दोनों देशों के अधिकारियों का कहना है कि इस पहल से श्रीलंका के आम नगारिकों का भला हुआ है।
यह अस्पताल 40 से 50 बिस्तारों के साथ शुरू हुआ था और अब इसमें 120 बिस्तर हो चुके हैं। इस अस्पताल की देखरेख कर रहे एक अधिकारी ने बताया, "चिकित्सक भारी तनाव में काम कर रहे हैं। परंतु वे बेहतरीन काम कर रहे हैं।"
भारतीय चिकित्सकों के दल में इस समय 62 लोग शामिल हैं। इसमें कई लोग तमिल भाषी हैं और बाकी द्विभाषियों के सहारे अपना काम करते हैं।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।


Click it and Unblock the Notifications