प्रथम चरण : 60 प्रतिशत से अधिक मतदान, 19 की मौत (राउंडअप इंट्रो-1)

निर्वाचन आयोग के मुताबिक बिहार में सबसे कम 46 फीसदी और लक्षद्वीप में सबसे ज्यादा 86 फीसदी मतदान हुआ। इस दौरान बिहार, छत्तीसगढ़, उड़ीसा और झारखंड में नक्सलियों ने चुनाव प्रक्रिया को बाधित करने के लिए हमले किए।

जिन राज्यों में भारी मतदान हुआ उनमें लक्षद्वीप (86 प्रतिशत), (नागालैंड 84 प्रतिशत), मणिपुर (66 से 68 प्रतिशत), आंध्रप्रदेश (65 प्रतिशत), उड़ीसा (63 प्रतिशत), अरुणाचल प्रदेश (62 प्रतिशत), मेघालय (65 प्रतिशत), असम (62 प्रतिशत), अंडमान और निकोबार द्वीप समूह (62 प्रतिशत), केरल (60 प्रतिशत से अधिक), मिजोरम (52 प्रतिशत) जैसे राज्य शामिल हैं।

पूर्वोत्तर के सात अशांत राज्यों में से छह में 24 लोकसभा सीटों के लिए हुआ मतदान कुल मिलाकर शांतिपूर्ण रहा और 10 सीटों पर भारी मतदान दर्ज किया गया।

एक चुनाव अधिकारी ने बताया, "पूर्वोत्तर के सात राज्यों में से छह राज्यों में मतदान अपेक्षाकृत शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हो गया। सभी जगह से भारी मतदान की सूचनाएं हैं।" असम के सिल्चर, करीमगंज और असम के स्वायत्त जिला जैसे तीन संसदीय सीटों पर 65 प्रतिशत मतदान हुआ है।

मतदान की समाप्ति के बाद राजधानी में उप चुनाव आयुक्त आर. बालाकृष्णन ने संवाददाताओं को बताया, "व्यापक तौर पर मतदान शांतिपूर्ण रहा। कुल औसत मतदान प्रतिशत 58 से 62 के बीच रहा। जटिलताओं और कठिनाइयों को देखा जाए तो मतदान व्यापक रूप से शांतिपूर्ण रहा।"

उन्होंने कहा कि बिहार, झारखंड, छत्तीसगढ़, उड़ीसा जैसे कुछ राज्यों में नक्सली हिंसा की छिटपुट घटनाएं घटी हैं। हिंसा की इन घटनाओं में 19 लोग मारे गए हैं और कई सारे घायल हो गए हैं। मृतकों में 10 पुलिस कर्मी शामिल हैं।

बालाकृष्णन ने कहा, "पुलिस कर्मियों पर और मतदान केंद्रों पर हमला करने की घटनाएं घटी हैं। लेकिन केंद्रीय पुलिस बल और राज्य पुलिस के जवानों ने हमलों से प्रभावी तरीके से निपटा है।"

बालाकृष्णन ने कहा कि पहले चरण में उत्तर प्रदेश की 16 लोकसभा सीटों के लिए हुए मतदान के प्रतिशत में मामूली बदलाव हो सकता है, लेकिन वहां का औसत मतदान 48 से 50 प्रतिशत के बीच है। जम्मू-कश्मीर में मतदान शांतिपूर्ण रहा। वहां 48 प्रतिशत मतदान हुआ।

हिंसाग्रस्त छत्तीसगढ़ में 51 फीसदी मतदान ह़ुआ तो झारखंड में 50 फीसदी मतदान हुआ।

बालाकृष्णन ने बताया कि 71 मतदान केंद्रों को नक्सली हिंसा का सामना करना पड़ा। जबकि 86 मतदान केंद्रों पर विभिन्न तरह की गड़बड़ियां हुईं।

इससे पहले मतदान सुबह सात बजे शुरू हुआ और अधिकतर इलाकों में शाम पांच बजे तक चला। नक्सल प्रभावित इलाकों में मतदान तीन बजे खत्म हो गया।

केरल में मतदान केंद्रों पर लंबी कतारें देखी गई। वहां एर्नाकुलम में सबसे ज्यादा 67.5 और तिरुवनंतपुरम में सबसे कम 45.4 फीसदी मतदान हुआ। तिरुवनंतपुरम से कांग्रेस ने संयुक्त राष्ट्र के पूर्व उप महासचिव शशि थरूर को अपना उम्मीदवार बनाया है।

केरल, अरुणाचल प्रदेश, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में सभी सीटों पर मतदान हुआ जबकि आंध्र प्रदेश, असम, बिहार, उत्तर प्रदेश, जम्मू एवं कश्मीर, महाराष्ट्र, मणिपुर, उड़ीसा और झारखंड में पहले चरण का मतदान हुआ।

मतदान के दौरान झारखंड और छत्तीसगढ़ में सबसे ज्यादा लोग नक्सली हिंसा के शिकार हुए। दोनों राज्यों में नक्सलियों द्वारा किए गए बारुदी सुरंग विस्फोट में 15 लोगों की मौत हो गई।

झारखंड के लातेहार जिले में गुरुवार तड़के सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) की बस पर हुए हमले में सात जवान शहीद हो गए। ये जवान मतदान केंद्रों पर जा रहे थे। हमले में बस का ड्राइवर व उसका एक सहयोगी भी मारा गया।

राज्य पुलिस के प्रवक्ता एस. एन. प्रधान ने आईएएनएस को बताया कि जिले के आरा गांव के समीप हुए नक्सली हमले के अलावा खूंटी और पलामू में भी नक्सलियों व पुलिस के बीच गोलीबारी हुई।

पड़ोसी छत्तीसगढ़ के राजनंदगांव जिले में नक्सली हमले में पांच चुनावकर्मियों की मौत हो गई, जबकि दंतेवाड़ा जिले में नक्सलियों के साथ भिड़ंत में अर्धसैनिक बल का एक जवान शहीद हो गया।

राज्य के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक गिरधारी नायक ने आईएएनएस को बताया, "नक्सलियों ने दंतेवाड़ा और नारायणपुर जिलों के छह मतदान केंद्रों पर गोलीबारी की।"

उधर, बिहार के गया जिले के बांकेबाजार थाना क्षेत्र के एक मतदान केन्द्र पर हुए नक्सली हमले में एक पुलिसकर्मी और एक होम गार्ड का जवान शहीद हो गया। नक्सलियों ने चार राइफलें भी लूट लीं।

इस बीच नक्सलियों ने उड़ीसा के मलकानगिरी जिले के तीन व सुंदरगढ़ जिले के एक मतदान केंद्र पर हमला किया और कई इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) व वाहनों में आग लगा दी। पुलिस महानिरीक्षक सुधांशु सारंगी ने आईएएनएस को बताया, "नक्सलियों ने चार मतदान केंद्रों पर हमला किया। तीन मतदान केंद्र मलकानगिरी जिले के हैं और एक सुंदरगढ़ जिले का।"

545 सदस्यीय लोकसभा के लिए पांच चरणों में मतदान होंगे। पहले चरण में 124 सीटों पर कुल 1715 उम्मीदवार मैदान में हैं। मतदान संपन्न कराने के लिए तीन लाख से अधिक वोटिंग मशीन का इस्तेमाल किया गया। पहले चरण में कुल 71.4 करोड़ मतदाताओं में से 14.3 करोड़ के पास मताधिकार का इस्तेमाल करने का मौका था।

इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+