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राजनीतिक तापमान कम करने के लिए जरदारी को 24 घंटे का समय

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इस्लामाबाद, 13 मार्च (आईएएनएस)। वाशिंगटन, लंदन और सेना द्वारा समर्थित एक नए समझौते के तहत पाकिस्तानी राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी को वकीलों के आंदोलन से निपटने के लिए 24 घंटे का समय दिया गया है।

पाकिस्तान के एक न्यूज वेबसाइट ने लिखा है, "वाशिंगटन, लंदन और सेना द्वारा समर्थित नए राजनीतिक सौदे के बारे में गिलानी को अवगत करा दिया गया है कि वे पाकिस्तान में राजनीतिक तापमान को कम करने की कोशिश करें।"

सूत्रों के अनुसार इस सौदे के तहत गिलानी को कहा गया है कि वह जरदारी को तत्काल इस बात के लिए तैयार करें कि वकीलों का लंबा मार्च इस्लामाबाद पहुंचे, उसके पहले उन्हें वकीलों के साथ बातचीत करनी चाहिए और नरम रवैया अपनाना चाहिए।

रिपोर्ट में कहा गया है, "गेंद अब जरदारी के पाले में है। ताकतवर अंतर्राष्ट्रीय नेताओं द्वारा तैयार किए गए समझौते को लागू करने के मामले में अब उन्हें फैसला करना है।"

हजारों की संख्या में वकीलों ने गुरुवार को सिंध, बलूचिस्तान और पंजाब से अपना लंबा मार्च शुरू कर दिया। वकीलों का मार्च संसद पर धरने के लिए 16 मार्च को इस्लामाबाद पहुंचेगा। ये वकील पूर्व राष्ट्रपति परवेज मुशर्रफ के शासनकाल के दौरान नवंबर 2007 में पद से हटाए गए उच्च न्यायालय और सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीशों की फिर से बहाली की मांग कर रहे हैं।

उधर पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) के नेता और पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ भी वकीलों के इस आंदोलन से जुड़ गए हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक पाकिस्तानी सेना प्रमुख जनरल अशफाक परवेज कयानी ने बुधवार को इस्लामाबाद में प्रधानमंत्री गिलानी से मुलाकात की थी और 90 मिनट की अपनी बातचीत के दौरान समझौते को अमल में लाने के लिए उनसे कहा था।

इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

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