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'अगस्त, 2010 तक इराक़ से लौटेंगे सैनिक'

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'अगस्त, 2010 तक इराक़ से लौटेंगे सैनिक'

एक सैन्य अड्डे पर दिए गए अपने भाषण में राष्ट्रपति ओबामा ने कहा है कि उस समय तक इराक़ में 'अमरीकी अभियान' अधिकृत रुप से ख़त्म हो जाएगा.

अमरीकी सैनिकों की वापसी की इस योजना के तहत इस समय इराक़ में मौजूद एक लाख 42 हज़ार अमरीकी सैनिकों में से 35 हज़ार से 50 हज़ार सैनिक इराक़ में वर्ष 2011 तक रुकेंगे और 'इराक़ी सेना को सलाह देने और आतंकवाद से लड़ने के अलावा अमरीकी हितों की रक्षा' करेंगे.

कुछ डेमोक्रेट नेताओं महसूस कर रहे हैं कि इराक़ से अमरीकी सैनिकों की वापसी का यह कार्यक्रम चुनावी वादे को पूरा नहीं करता.

इससे पहले राष्ट्रपति ओबामा ने कहा था कि कार्यभार संभालने के 16 महीनों बाद वे इराक़ से सभी अमरीकी सैनिकों को हटा लेंगे.

लेकिन इस योजना में तब्दीली दिखाई पड़ रही है.

मैं स्पष्ट कर देना चाहता हूँ कि अमरीका की नीयत इराक़ी जमीन और उसके संसाधनों पर हक़ जताने की नहीं है बराक ओबामा

मैं स्पष्ट कर देना चाहता हूँ कि अमरीका की नीयत इराक़ी जमीन और उसके संसाधनों पर हक़ जताने की नहीं है

इस बीच उन्होंने अफ़ग़ानिस्तान में 17 हज़ार और सैनिक तैनात करने की घोषणा भी है.

इसकी घोषणा करते हुए उन्होंने कहा था कि इन सैनिकों को इराक़ भेजा जाना था, लेकिन सुरक्षा की ज़रुरतों को ध्यान में रखते हुए इन्हें अफ़ग़ानिस्तान भेजा जा रहा है.

उल्लेखनीय है कि 20 मार्च, 2003 को इराक़ पर अमरीकी हमले के बाद से लगातार वहाँ अमरीकी सेना की भारी-भरकम मौजूदगी है.

नई रणनीति

इराक़ के मामले में हुई प्रगति की तारीफ़ करते हुए बराक ओबामा ने चेतावनी दी, "इराक़ अभी भी सुरक्षित नहीं है और वहाँ आने वाले दिनों में कठिन समय का सामना करना पड़ेगा."

उन्होंने कहा है कि उनकी राष्ट्रीय सुरक्षा टीम इराक़ में अमरीकी कार्रवाई को लेकर नई रणनीति तैयार की है.

इस रणनीति में इस बात पर ज़ोर दिया गया है कि इराक़ की समस्या का सुदीर्घ हल राजनीतिक ही हो सकता है और इसके लिए निर्णय लेने का अधिकार इराक़ियों को ही देना होगा.

इराक़ से सैनिकों की वापसी ओबामा का चुनावी वादा भी था

राष्ट्रपति ओबामा ने कहा, "हमने इस साधारण सच्चाई को ध्यान में रखा है कि अमरीका दूसरी प्राथमिकताओं के बीच इराक़ को अलग-थलग करके नहीं देख सकता. हमें अफ़ग़ानिस्तान और पाकिस्तान में ध्यान केंद्रित करने की ज़रुरत है, सेना पर बोझ कम करना ज़रुरी है और अमरीकी अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाना है. ये सब हमारे सामने चुनौतियाँ हैं."

उन्होंने छह साल लंबे युद्ध में भागीदारी के लिए अमरीकी सेना और उनके परिवारजनों का आभार जताया.

उनका कहना था, "हमने इराक़ में युद्ध को ख़त्म करने की शुरुआत कर दी है और अब हम इराक़ को इराक़ी लोगों के हाथों में सौंपने जा रहे हैं."

इराक़ी जनता को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा, "मैं स्पष्ट कर देना चाहता हूँ कि अमरीका की नीयत इराक़ी जमीन और उसके संसाधनों पर हक़ जताने की नहीं है."

बाराक ओबामा ने कहा है कि जो लोग अभी सेना में काम कर रहे हैं उनका बोझ कम करने के लिए उनकी सरकार और सैनिकों की भर्ती करेगी.

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