लखनऊ में और 10 लोगों के आंखों की रोशनी हुई धुंधली
आंखों की रोशनी धुंधली हो जाने की शिकायत लेकर सीएसएमएमयू पहुंचे 10 नए मरीजों ने गत 29 जनवरी को सीएसएमएमयू द्वारा संचालित सरोजिनी नगर के उसी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) में मोतियाबिंद का आपरेशन करवाया था, जहां से आपरेशन करवाने वाले 22 मरीजों ने आंखों की रोशनी धुंधली हो जाने की रविवार को शिकायत की थी। ये सभी मरीज अस्पताल में भर्ती हैं।
नए मामले आने के बाद स्वास्थ्य महकमे ने पिछले दो महीनों में इस नेत्र शिविर में मोतियाबिंद का आपरेशन करवाने वाले सभी मरीजों की आंखों की फिर से जांच करवाने का फैसला किया है।
स्वास्थ्य महानिदेशक आई. एस. श्रीवास्तव ने मंगलवार को आईएएनएस को बताया कि डाक्टरों की टीमें गठित कर आपरेशन कराने वाले सभी मरीजों की आखों की जांच कराने का फैसला किया गया है। डाक्टर मोतियाबिंद का आपरेशन कराने वाले सभी मरीजों के घर-घर जाकर उनकी आंखों की जांच करंगे।
उल्लेखनीय है कि पिछले दो महीनों में पीएचसी में लगाये गए नेत्र शिविरों में करीब 220 मरीजों ने मोतियाबिंद के आपरेशन करवाए हैं।
श्रीवास्तव ने बताया कि 10 नए मरीजों में से 3 को सीएसएमएमयू के नेत्र विभाग में भर्ती कराया गया है। राज्य सरकार के निर्देश पर सोमवार शाम दो सरकारी चिकित्सकों डा. कंचन और डा. रश्मि सिंह को निलंबित कर दिया गया। इसके अलावा नेत्र विभाग के प्रमुख दीपक कुमार को भी हटा दिया गया है।
श्रीवास्तव ने बताया कि घटना की जांच के लिए तीन सदस्यीय जांच दल का गठन किया जा चुका है। इस जांच दल को तीन दिनों के भीतर सरकार को अपनी रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।


Click it and Unblock the Notifications