घाटी में अलगाववादी नेता गिरफ्तार, तनाव

शाह इस जुलूस का आह्वान करने वाली हुर्रियत कांफ्रेंस के दोनों धड़ों वाली समन्वय समिति के सदस्य हैं। आलम यह है कि हुर्रियत कांफ्रेंस के कट्टरपंथी धड़े के प्रमुख सैयद अली शाह गिलानी को छोड़कर घाटी के तकरीबन सभी अलगाववादी नेताओं को नजरबंद कर दिया गया है। हालांकि पिछले महीने हुई हिंसा में गिलानी को भी नजरबंद कर दिया गया था, लेकिन इस समय उनका स्वास्थ्य ठीक न होने के कारण वो अस्पताल में भर्ती हैं।
घाटी में जारी कर्फ्यू के उल्लंघन की फिलहाल कोई खबर नहीं है, लेकिन हां यह जरूर है कि अलगाववादी नेता की गिरफ्तारी के बाद स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है। इसे देखते हुए पुलिस ने कड़े सुरक्षा इंतजाम किये हैं।
श्रीनगर के सभी प्रवेश मार्ग सील कर दिए गए हैं और वहां पुलिस तथा अर्धसैनिक बल केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के जवान तैनात हैं। निषेधाज्ञा लागू कराने के लिए हमने कुछ स्थानों पर राष्ट्रीय राइफल्स की भी मदद ली है। एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक कर्फ्यू में आज कोई ढील नहीं दी जाएगी। स्थिति की लगातार समीक्षा की जा रही है।
गौरतलब है कि अलगाववादियों ने इससे पहले 25 सितंबर को भी इसी तरह के जुलूस का आह्वान किया था, लेकिन प्रशासन के रुख की वजह से संभव नहीं हो सका था। 23 सितंबर को एक अज्ञात हमलावर ने शाह के लाल बाजार स्थित मकान पर ग्रेनेड विस्फोट किया था। इस हमले में कोई घायल नहीं हुआ था। विस्फोट की वजह से शाह के मकान की खिड़कियों के शीशे चटक गए थे।


Click it and Unblock the Notifications