तालिबान को परास्त नहीं किया जा सकता : ब्रिटिश कमांडर
लंदन, 5 अक्टूबर (आईएएनएस)। अफगानिस्तान में सबसे वरिष्ठ ब्रिटिश सैन्य कमांडर ने अंतर्राष्ट्रीय समुदाय से कहा है कि वह तालिबान आतंकवादियों के साथ राजनीतिक समझौते के लिए पहल करे, क्योंकि उनको सैनिक ताकत से मात नहीं दी जा सकती।
16 वीं एयर असाल्ट ब्रिगेड के कमांडर ब्रिगेडियर मार्क कार्लटन-स्मिथ ने समाचार पत्र 'संडे टाइम्स' को दिए गए एक साक्षात्कार में कहा, "हम इस युद्ध को जीतने नहीं जा रहे हैं। आतंकवाद को केवल ऐसे स्तर तक घटाया जा सकता है कि वह कोई रणनीतिक खतरा न बने और अफगान सेना द्वारा नियंत्रित रह सके।"
कार्लटन स्मिथ ने कहा कि बंदूकों से मुद्दे सुलझाने के बजाए हम इस बहस की दिशा बदल कर चाहते हैं कि इनको वार्ता से सुलझाया जाए।
उन्होंने कहा कि यदि तालिबान वार्ता के लिए साथ बैठने और राजनीतिक समाधान को तैयार हैं तो यह आतंकवाद को समाप्त करने की दिशा में एक प्रगति है। इससे लोगों को परेशान नहीं होना चाहिए।
स्मिथ की टिप्पणी अफगानिस्तान में ब्रिटिश राजदूत सर शेरार्ड कॉपर-कोलज के ऐसे ही एक बयान पर विवाद पैदा होने के बाद आई है।
एक फ्रांसीसी अखबार ने एक फ्रांसीसी राजनयिक के हवाले से लिखा था कि अफगानिस्तान में ब्रिटिश राजदूत कॉपर-कोलज ने कहा कि अफगान युद्ध असफल होने की ओर है और अफगानिस्तान एक स्वीकार्य तानाशाह के अधीन जा सकता है।
ब्रिटिश विदेशमंत्री डेविड मिलिबैंड ने बाद में इस रिपोर्ट को 'विकृत' बताते हुए कहा कि ये टिप्पणियां ब्रिटिश नीति को प्रतिबिंबित नहीं करती।
इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।












Click it and Unblock the Notifications