• search

शेयर बाजारों को राहत के आसार नहीं

Posted By:
Subscribe to Oneindia Hindi
For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts

    अजीत कुमार

    अजीत कुमार

    नई दिल्ली, 21 जून (आईएएनएस)। विदेशी फंडों की लगातार बिकवाली, बढ़ती महंगाई, कच्चे तेल की कीमतों में तेजी व भारत -अमेरिकी परमाणु करार को लेकर जारी अनिश्चितता के मद्देनजर घरेलू शेयर बाजारों को फिलहाल नरमी से राहत मिलने की कोई संभावना नहीं दिख रही है।

    बाजार विशेषज्ञों के अनुसार रिकार्ड महंगाई के मद्देनजर भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) द्वारा रेपो रेट और नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) में वृद्धि की संभावना को लकर निवेशकों पर दबाव बना हुआ है।

    आरबीआई द्वारा आगामी 29 जुलाई को मौद्रिक नीति की तिमाही समीक्षा की जानी है लेकिन महंगाई में तेजी को लेकर बाजार विशेषज्ञ इसे पहले पेश किए जाने की संभावना से भी इंकार नहीं कर रहे हैं। इससे पहले 11 जून को आरबीआई ने रेपो रेट में चौथाई फीसदी बढ़ोतरी की घोषणा की थी।

    केंद्रीय सांख्यिकी संगठन (सीएसओ) से शुक्रवार को जारी आंकड़ों के अनुसार 7 जून को समाप्त हुए सप्ताह के दौरान देश में महंगाई दर बढ़कर पिछले 13 वर्षो के उच्चतम स्तर यानी 11.05 फीसदी तक पहुंच गई। गत 31 मई को समाप्त हुए सप्ताह के दौरान यह 8.75 फीसदी थी।

    कच्चे तेल की कीमतों को लेकर भी अंतर्राष्ट्रीय व घरेलू पूंजी बाजारों पर दबाव बना हुआ है। तेल की कीमतों में वृद्धि की वजह से अमेरिकी डाऊ जोंस सप्ताहांत 220.4 अंक यानी 1.8 फीसदी गिरकर 11,842.69 के स्तर पर बंद हुआ। दस मार्च 2008 के बाद से डाऊ जोंस में यह सबसे बड़ी गिरावट है।

    नाइमेक्स में सप्ताहांत तेल का जुलाई वायदा 2.69 डालर की मजबूती से 135.36 डालर प्रति बैरल बंद हुआ जबकि डालर सप्ताहांत बास्केट की अन्य मुद्राओं के मुकाबले 72.93 के निचले स्तर पर दर्ज किया गया। तेल की कीमतों को लेकर निवेशकों को फिलहाल सऊदी अरब में रविवार को प्रस्तावित तेल उत्पादक व उपभोक्ता देशों की बैठक का इंतजार है। बैठक के परिणामों से तेल की कीमतों को दिशा निर्धारित करने में आसानी होगी।

    बाजार विशेषज्ञों के अनुसार विदेशी फंडों की लगातार बिकवाली व भारत अमेरिकी असैन्य परमाणु करार पर जारी गतिरोध के मद्देनजर भी निवेशक खासे परेशान हैं। आरबीआई के अनुसार डालर की तुलना में रुपये में नरमी की वजह से मौजूदा वर्ष के दौरान 18 जून तक विदेशी निवेशक 22,494.60 करोड़ रुपया भारतीय बाजार से निकाल चुके हैं।

    मुंबई स्टाक एक्सचेंज (बीएसई) का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स सप्ताह के कुल पांच कारोबारी दिवस के दौरान 618.33 अंक यानी 4.07 फीसदी गिरकर 14,571.29 के स्तर पर बंद हुआ जबकि राष्ट्रीय शेयर बाजार (एनएसई ) का 50 श्ेायरों पर आधारित सूचकांक निफ्टी समीक्षाधीन अवधि के दौरान 169.55 अंक यानी 3.75 फीसदी टूटकर 4,347.55 के स्तर पर बंद हुआ।

    इंडो-एशियन न्यूज सर्विस।

    **

    जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें

    Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
    पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

    X
    We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more