• search

तलवार के पड़ोसी मीडिया से परेशान

Subscribe to Oneindia Hindi
Arushi talwar
नोएडा, 3 जूनः बहुचर्चित आरुषि-हेमराज हत्याकांड के बाद यहां लगे पुलिस और मीडियाकर्मियों के जमावड़े की वजह से नोएडा के जलवायु विहार वासियों का जीने का ढंग ही बदल गया है। आरुषि तलवार और उसके नौकर हेमराज का गत 16मई को कत्ल होने के बाद से ही पुलिस और मीडियाकर्मी यहां डेरा डाले हैं।

तलवार परिवार के पड़ोस में ज्यादातर सेना के सेवानिवृत्त अधिकारी रहते हैं। इस घटना के बाद से वे मीडिया और पुलिसकर्मियों की निगाह से बचने के लिए अपने घरों में ही बंद रहने को विवश हैं।

इलाके में कपड़े इस्त्री करने वाले आशा राम ने बताया कि इस हत्याकांड से पहले लोग यहां सैर किया करते थे, लेकिन आरुषि की हत्या के बाद से हर कोई घर के भीतर रहना ही पसंद करता है।

तलवार के पड़ोस में रहने वाले सॉफ्टवेयर इंजीनियर पीयूष टंडन ने बताया, "हम लोग करीब-करीब नजरबंद हैं। हमने पुलिस से मीडियाकर्मियों को हमारी सोसायटी से हटाने को भी कहा है। इस हत्याकांड को महीना भर होने को आया, लेकिन मीडियाकर्मी हमारे घरों के बाहर सीढ़ियों पर बैठे रहते हैं। पीड़ित परिवार से हमारी हमदर्दी है और पुलिस के बार-बार आने की बात हम समझ सकते हैं, लेकिन क्या मीडिया हमें शांति से नहीं जीने दे सकता।"

अब मामले की जांच सीबीआई कर रही है और जांच पूरी होने तक बाहरी लोगों को यहां आने से रोकने के लिये अर्ध-सैनिक बलों ने इलाके की घेराबंदी कर दी है। सोसायटी की दीवारे "आरुषि पूरा देश तुम्हारे साथ है" जैसे पोस्टरों से पट गयी हैं।

तलवार परिवार की रिहायश वाली बिल्डिंग की पहली मंजिल पर रहने वाले सेवानिवृत्त कमोडोर रवींद्र दत्त के मुताबिक, सोसायटी के लोग डरे हुए हैं। ड्राइवर और घरेलू नौकरानियों ने डर के मारे काम पर आने से इंकार कर दिया। हम लोगों को खुद जाकर उन्हें समझाना पड़ा कि उन्हें इस मामले में घसीटा नहीं जायेगा।

उन्होंने कहा, "हमें समझ में नहीं आता कि भारत में मीडियाकर्मियों को अपराध वाले स्थल पर सीधे कैसे आने देते हैं। ऐसा दुनिया में कहीं और नहीं होता। हम नहीं जानते कि हमारी सोसायटी में कौन दाखिल हो रहा है।

इससे हम लोगों की जान को खतरा हो गया है क्योंकि कैमरा थामे व्यक्ति को सोसायटी में दाखिल होने से रोकने की हिम्मत किसी में नहीं। मीडिया को किसी के निजी जीवन में ताक-झांक करने का अधिकार नहीं।"

एक अन्य पड़ोसी सेवानिवृत्त विंग कमांडर विजय कुमार जैन ने कहा कि हमें घरों के भीतर रहने को कहा गया है और सीबीआई कर्मियों ने सभी को करीब-करीब नजरबंद कर दिया है। उन्होंने हमारा ब्यौरा और नंबर लिए हैं। हम लोग उन्हें इत्तिला देकर घर से बाहर जा सकते हैं या अपने घर में किसी मेहमान को बुला सकते हैं।

इंडो-एशियन न्यूज सर्विस

जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें

Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more