भारत का अब तक का सबसे बड़ा राजनीतिक पोल. क्या आपने भाग लिया?
  • search

बसपा के लिए ै जानलेवा ै है मेरी जीत: नीरज शेखर

Subscribe to Oneindia Hindi
For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts
    लखनऊ 03 जनवरी.वार्ता.बलिया लोकसभा सीट से समाजवादी पार्टी.सपा.के टिकट पर नवनिर्वाचित सांसद नीरज शेखर ने आज कहा किउपचुनाव में उनकी जीत उत्तर प्रदेश की सत्ताढ बहुजन समाजपार्टी.बसपा.सरकार के लिए ै जानलेवा ै है

    पूर्व प्रधानमंत्री चन्द्र शेखर के छोटे पुत्र श्री नीरज शेखर ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा कि बलिया ने हमेशा से ही देश में ै राजनीतिक बदलाव ै किया है और इस बार यह बसपा के लिए ै जानलेवा ै साबित होगा1 उन्होंने आरोप लगाया कि बसपा के मंत्रियों और विधायकों द्वारा पये और शराब बांटे जाने के बावजूद बलिया की जनता ने उन्हें बाहर का रास्ता दिखा दिया1बलिया की जनता को समर्थन के लिए धन्यवाद देते हुए उन्होंने कहा कि बसपा का यह आरोप कि सामंती ताकतों ने दलितों को वोट नहीं डालने दिया ् उनकी क मजोरी को दर्शाता है1 उन्होंने कहा..यदि उनके आरोप सही हैं तो मतदाताओं को सुरक्षामुहैया नहीं कराने के लिए मायावती सरकार को नैतिक आधार परइस्तीफा दे देना चाहिए1.. सपा सांसद ने कहा .. बसपा ने बलिया उपचुनाव में जीत हासिलकरने के लिए 20 से ज्यादा मंत्रियों एवं करीब सौ विधायकों को चुनावअभियान में उतारने के अलावा सभी प्रकार के हथकंडे अपनाए लेकिनमतदाताओं ने मुे समर्थन दिया और मेरे पिता के प्रति अपना प्रेमजाहिर किया1.. उन्होंने कहा.. मेरे पिता ने हमेशा अपने बलबूते राजनीति करनेकी सीख दी1.. सपा में शामिल होने को खुद का फैसला बताते हुए श्री नीरज शेखर नेकहा..सपा एकमात्र ऐसी पार्टी थी जिसने चुनाव पूर्व पार्टी में शामिलहोने के लिए दबाव नहीं डाला जबकि अन्य पाटियों ने अपने चिह्न परचुनाव लडने की शर्त लगाई थी1..रंजीत.शिव प्रेम .1943वार्ता

    जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें

    Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
    पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

    X
    We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more