• search
क्विक अलर्ट के लिए
अभी सब्सक्राइव करें  
क्विक अलर्ट के लिए
नोटिफिकेशन ऑन करें  
For Daily Alerts

क्या दिल्ली में जम्मू-कश्मीर के छात्रों से खुद की बसों की व्यवस्था करने के लिए कहा गया हैं? जानें सच

|

नई दिल्ली। देश पर छाए कोरोनासंकट के बीच 17 मई तक लॉकडाउन बढ़ा दिया गया हैं। वहीं कोरोना संकट के बीच सोशल मीडिया पर आए दिन नए-नए संदेश फैलाए जा रहे हैं। इसी कड़ी में एक समाचार पोर्टल ने दावा किया है कि लॉकडाउन के बीच, दिल्ली में जम्मू और कश्मीर के छात्रों को अपने दम पर बसों की व्यवस्था करने के लिए कहा गया है। इस पोर्टल ने दावा किया कि छात्रों को कॉलेज प्रशासन द्वारा अपने लिए बसों की व्यवस्था करने के लिए कहा गया था। जानिए इस न्‍यूज की सच्‍चाई ......

दिल्ली: 10 दिन में तैयार हुई दुनिया की सबसे बड़ी Covid-19 केयर फैसिलिटी के बारे में सबकुछ जानिए

प्रतीकात्मक फोटो

delhi

आपको बता दें न्‍यूज पोर्टल द्वादा किया जा रहा यह एक झूठा दावा है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने जम्मू कश्‍मीर के छात्रों को अपने स्वयं के परिवहन को छोड़ने या व्यवस्थित करने के लिए नहीं कहा है।

fake
सरकार ने स्पष्ट किया है यह एक झूठा दावा है। मालूम हो कि देश के विभिन्न हिस्सों से छात्र तालाबंदी के कारण फंसे हुए हैं। सरकार ने संकेत दिया है कि लॉकडाउन से एक श्रेणीबद्ध निकास होगा। केंद्र ने सोमवार को विभिन्न प्रोटोकॉल के तहत ट्रेन से यात्रा करने की भी अनुमति दी। यह कहा गया था कि केवल ई-टिकट वाले लोगों को ही ट्रेन से यात्रा करने की अनुमति होगी।

क्या मोदी सरकार ने लॉकडाउन से बाहर निकलने के लिए पांच-चरण की ये योजना बनाई हैं?

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Have students from Jammu and Kashmir been asked to arrange their own buses in Delhi?
For Daily Alerts
तुरंत पाएं न्यूज अपडेट
Enable
x
Notification Settings X
Time Settings
Done
Clear Notification X
Do you want to clear all the notifications from your inbox?
Settings X
X
We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more