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अपने जन्म के वार के अनुसार जानिए अपनी उम्र, पता लगाइए लोगों की आयु

By Pt. Gajendra Sharma
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नई दिल्ली। अपनी आयु को लेकर अक्सर लोगों के मन में जिज्ञासा रहती है। वह येन-केन तरीके से जानने की कोशिश करता रहता है कि आखिर वह कितने वर्ष जिएगा। कई बार तो लोग इतने उत्सुक या कहें भयभीत हो जाते हैं कि जरा-जरा सी बीमारी आने पर सोचने लगते हैं कि कहीं उनका अंतिम समय तो नहीं आ गया। और इसी जिज्ञासा को शांत करने के लिए वे ज्योतिषियों को अपनी कुंडली दिखाने पहुंच जाते हैं। वैदिक ज्योतिष और हस्तरेखा शास्त्र के जरिए सटीक आयु ज्ञात की जा सकती है, लेकिन उसके लिए गहन अध्ययन की आवश्यकता होती है। क्योंकि जरा सी भूल जातक को टेंशन में डाल सकती है।

आयु ज्ञात करने के कुछ नियम बनाए गए हैं...

आयु ज्ञात करने के कुछ नियम बनाए गए हैं...

वैदिक ज्योतिष में आयु ज्ञात करने के कुछ नियम बनाए गए हैं। उन्हीं में से एक है अपने जन्म के वार के आधार पर आयु का पता करना। मानसागरी और ज्योतिष के अनेक प्राचीन जातक ग्रंथों में वार के अनुसार आयु की गणना करने की पद्धति का वर्णन मिलता है। इस पद्धति को वारायु गणन कहा जाता है। उसके अनुसार जातक का जन्म जिस वार को होता है, उसके आधार पर उसकी आयु कितनी होगी और उसके जीवन के कौन-कौन से वर्ष में मृत्यु तुल्य कष्ट प्राप्त होता इसकी जानकारी मिल जाती है।

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पता लगाइए जातक की उम्र

पता लगाइए जातक की उम्र

  • जिस जातक का जन्म रविवार को होता है, उसकी आयु 60 वर्ष की मानी गई है। इन जातकों के लिए जन्म से पहले और छठे महीने तथा 13वें एवं 22वें वर्ष में घात रहती है। यानी आयु के इन वर्षों में जातक को मृत्यु के समान कष्ट मिलता है।
  • सोमवार को जन्म लेने वाले जातक की आयु 84 वर्ष मानी गई है। इनके लिए जन्म से 11वें महीने और 16वें तथा 27वें वर्ष में घात रहती है। यानी इन समयों में वह जातक गंभीर रूप से कष्ट भोगता है।
  • मंगलवार को जन्म लेने वाले जातक की आयु 74 वर्ष होती है लेकिन जन्म से दूसरे व 22वें वर्ष में घात रहती है। यानी इन वर्षों में कोई बड़ी दुर्घटना की आशंका रहती है।
  • अपनों की उम्र का भी पता लगा सकते हैं आप....

    अपनों की उम्र का भी पता लगा सकते हैं आप....

    • बुधवार को जिनका जन्म होता है वे 64 वर्ष तक जीते हैं। इन जातकों को जन्म से आठवें महीने और आठवें वर्ष में बड़ी घात रहती है। यानी मृत्यु के समान कष्ट भोगना पड़ता है। इन समयों में जातक की मृत्यु भी हो सकती है।
    • गुरुवार को जन्मे जातकों की आयु 84 वर्ष मानी गई है। इनके लिए जन्म से सातवां महीना और 13वां तथा 16वां साल कष्टप्रद होता है। यदि ये समय निकल गया तो फिर जातक पूर्णायु जीता है।
    • शुक्रवार को जिन जातकों का जन्म होता है उनकी आयु 60 वर्ष की मानी जाती है। इनके लिए घात वर्ष कोई नहीं होता है, इसलिए संभव है कि ये 60 वर्ष की पूर्ण आयु प्राप्त करें।
    • शनिवार को जन्मे जातकों की आयु सबसे अधिक 100 वर्ष की मानी गई है। इनके लिए जन्म से पहला महीना और 13वां साल कष्टप्रद रहता है।

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English summary
An astrological age is a time period in astrologic theology which astrologers claim parallels major changes in the development of Earth's inhabitants, particularly relating to culture, society, and politics.
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