नई दिल्ली। भारत सरकार के वस्त्र मंत्रालय के सहयोग से भारत टेक्स ट्रेड फेडरेशन (BTTF) द्वारा आयोजित भारत टेक्स 2026 का तीसरा संस्करण 14 से 17 जुलाई तक नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित होगा। यह आयोजन भारत की संपूर्ण वस्त्र एवं परिधान मूल्य श्रृंखला को वैश्विक मंच पर प्रस्तुत करते हुए उद्योग, व्यापार, निवेश, नवाचार और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को नई दिशा देगा।
भारत टेक्स अब दुनिया के सबसे बड़े और व्यापक एकीकृत वस्त्र आयोजनों में अपनी पहचान बना चुका है। इसमें पारंपरिक हस्तकरघा और हस्तशिल्प से लेकर तकनीकी वस्त्र, परिधान, मशीनरी, फाइबर, फैशन, सस्टेनेबिलिटी और वैश्विक व्यापार तक पूरी टेक्सटाइल वैल्यू चेन एक ही मंच पर दिखाई देगी।
आयोजन में देश-विदेश के नीति-निर्माता, उद्योग जगत के प्रतिनिधि, वैश्विक ब्रांड, निवेशक, तकनीकी विशेषज्ञ, स्टार्टअप, शोधकर्ता, निर्यातक और खरीदार भाग लेंगे। इस वर्ष के आयोजन में 1,600 से अधिक प्रदर्शक, 7,000 से अधिक वैश्विक खरीदार, 1.30 लाख से अधिक व्यापारिक आगंतुक, 350 से अधिक राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय वक्ता तथा 20,000 से अधिक उत्पादों का प्रदर्शन किया जाएगा। प्रदर्शनी 16 लाख वर्गफुट से अधिक क्षेत्र में आयोजित होगी।
निवेश, व्यापार और तकनीकी सहयोग पर रहेगा फोकस
भारत टेक्स 2026 के दौरान बी2बी बैठकें, निवेश संवाद, अंतरराष्ट्रीय साझेदारियां, नीतिगत चर्चाएं, ज्ञान सत्र, उत्पाद प्रदर्शन और तकनीकी नवाचारों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। आयोजन का उद्देश्य वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं को मजबूत करना, निवेश आकर्षित करना और भारतीय वस्त्र उद्योग को भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करना है।
प्रधानमंत्री के 5F विजन से प्रेरित है आयोजन
भारत टेक्स प्रधानमंत्री के 5F विजन—Farm to Fibre, Fibre to Factory, Factory to Fashion और Fashion to Foreign से प्रेरित है। वर्ष 2024 में शुरू हुआ यह आयोजन अब दुनिया के सबसे बड़े एकीकृत टेक्सटाइल एक्सपो के रूप में विकसित हो चुका है और 140 से अधिक देशों के साथ व्यापारिक एवं नीतिगत सहयोग का मंच बन गया है।
130 से अधिक देशों की भागीदारी
इस बार आयोजन में 130 से अधिक देशों की भागीदारी होगी। संयुक्त राज्य अमेरिका, यूनाइटेड किंगडम, जर्मनी, इटली, स्पेन, फ्रांस, कनाडा, जापान, दक्षिण कोरिया, थाईलैंड, श्रीलंका, बांग्लादेश, वियतनाम, मिस्र, इंडोनेशिया समेत कई देशों के विशेषज्ञ और उद्योग प्रतिनिधि शामिल होंगे। संयुक्त राष्ट्र और यूरोपीय संघ जैसे अंतरराष्ट्रीय संस्थानों की भी भागीदारी रहेगी।
आयोजन के दौरान भारत-अमेरिका कॉटन पार्टनरशिप, भारत-न्यूज़ीलैंड वूल इकोसिस्टम, भारत-यूके एफटीए, जापान प्रतिनिधिमंडल और रूस-केंद्रित व्यापारिक चर्चाओं जैसे कई द्विपक्षीय सत्र भी आयोजित किए जाएंगे।
राज्यों की सक्रिय भागीदारी
मध्य प्रदेश, बिहार, उत्तर प्रदेश, पंजाब, महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक और तमिलनाडु आयोजन के प्रायोजक राज्यों के रूप में शामिल होंगे। वहीं आंध्र प्रदेश, असम, छत्तीसगढ़, झारखंड, जम्मू-कश्मीर, ओडिशा, मणिपुर, राजस्थान और पश्चिम बंगाल प्रदर्शक राज्यों के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज कराएंगे। इसके अलावा विभिन्न राज्यों के लिए विशेष स्टेट इन्वेस्टर कनेक्ट सत्र भी आयोजित किए जाएंगे।
100 से अधिक ज्ञान सत्र होंगे आयोजित
भारत टेक्स 2026 के दौरान 100 से अधिक ज्ञान सत्र आयोजित किए जाएंगे, जिनमें 39 पैनल चर्चा, 16 राउंडटेबल, 37 मास्टरक्लास और 8 राज्य-विशेष सत्र शामिल होंगे। इन चर्चाओं में व्यापार एवं निवेश, तकनीक, नवाचार, सस्टेनेबिलिटी, फैशन, नीति निर्माण, निर्यात, इंडस्ट्री 5.0, फाइबर सुरक्षा और एमएसएमई जैसे विषयों पर विचार-विमर्श होगा।
4,000 से अधिक बी2बी बैठकें और 30 से ज्यादा एमओयू की उम्मीद
आयोजन के दौरान 4,000 से अधिक क्यूरेटेड बी2बी बैठकें, 100 से अधिक बिजनेस-टू-गवर्नमेंट (B2G) बैठकें तथा व्यापार, निवेश, तकनीकी सहयोग और सस्टेनेबिलिटी से जुड़े 30 से अधिक समझौता ज्ञापनों (MoUs) पर हस्ताक्षर होने की संभावना है।
सस्टेनेबिलिटी और डिजिटल सुविधाओं पर विशेष जोर
भारत टेक्स 2026 में CITI Textile Sustainability Awards 2026 के माध्यम से संसाधन दक्षता, ऊर्जा प्रबंधन, सर्कुलर इकोनॉमी, सतत सामग्री, सामाजिक उत्तरदायित्व, जिम्मेदार व्यवसाय और उद्योग सहयोग जैसे क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्यों को सम्मानित किया जाएगा।
प्रतिभागियों के लिए भारत टेक्स 2026 मोबाइल ऐप भी उपलब्ध रहेगा, जिसमें प्रदर्शकों की जानकारी, बी2बी मीटिंग शेड्यूल, डिजिटल बैज, क्यूआर आधारित लीड कैप्चर, लाइव एजेंडा और एआई आधारित सहायता जैसी सुविधाएं होंगी। प्री-फेयर डायरेक्टरी के माध्यम से खरीदार और विक्रेता आयोजन से पहले ही व्यावसायिक संपर्क स्थापित कर सकेंगे।
भारत को वैश्विक टेक्सटाइल हब बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल
आयोजकों के अनुसार, भारत टेक्स 2026 भारत को विश्वसनीय, नवाचार-आधारित और टिकाऊ वैश्विक टेक्सटाइल पार्टनर के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगा। यह आयोजन "ब्रांड इंडिया" को वैश्विक स्तर पर नई पहचान देने के साथ-साथ भारतीय वस्त्र उद्योग के लिए निवेश, निर्यात और अंतरराष्ट्रीय सहयोग के नए अवसर भी तैयार करेगा।