मायावती और अखिलेश यादव से बहुत पीछे हैं अभी योगी आदित्यनाथ

योगी आदित्यनाथ का प्रशासनिक अधिकारियों का तबादला इतना बड़ा नहीं है, पूर्व के मुख्यमंत्रियों ने काफी बड़े पैमाने पर किए थे तबादले

Subscribe to Oneindia Hindi

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री बनने के एक महीने बाद योगी आदित्यनाथ ने प्रशासनिक अधिकारियों का सबसे बड़ा फेरबदल किया औऱ 41 आईएएस अधिकारियों का तबादला कर डाला, यही नहीं चार नए अधिकारियों को प्रदेश के चार बड़े शहरों के विकास प्राधिकरण की कमान सौंपी है, जिसमें प्रधानमंत्री मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी के अलावा लखनऊ भी शामिल है।

बहुत बड़ा तबादला नहीं है

योगी आदित्यनाथ ने इस बड़े फेरबदल से पहले 21 आईएएस अधिकारियों का भी तबादला किया था, लेकिन मंगलवार को जिस तरह से मुख्यमंत्री ने एक साथ 41 आईएएस अधिकारियों का तबादला किया वह अभी तक उनके कार्यकाल का सबसे बड़ा फेरबदल है। लेकिन पुरानी सरकारों के फेरबदल पर नजर डालें तो मुख्यमंत्री की यह कार्रवाई अखिलेश यादव और मायावती की तुलना में काफी छोटा नजर आता है।

मायावती और अखिलेश ने किया था बड़े पैमाने पर तबादला

वर्ष 2007 में मुख्यमंत्री मायावती ने एक साथ 97 अधिकारियों का तबादला कर दिया था, यही नहीं इस बड़े ताबदले के कुछ दिन बाद मायावती ने कुछ और अधिकारियों का तबादला किया था। पांच साल के बाद अखिलेश यादव ने भी बड़ा फैसला लिया था और अपने सरकार के पहले ही महीने में उन्होंने तकरीबन 1000 प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस अधिकारियों का तबादला किया था।

मुख्यमंत्री ने भी दिए थे संकेत

प्रशासनिक अधिकारियों पर इस बात की जिम्मेदारी होती है कि वह मौजूदा सरकार की नीतियों को आगे बढ़ाए। खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यह कहा था कि पिछली सरकार के दौरान अधिकारी बेहतर काम इसलिए नहीं कर पाए क्योंकि उनकी प्राथमिकता कुछ और थी, लेकिन मेरा काम है कि मैं अपनी पार्टी के मैनिफेस्टो को लागू कराउं। मुख्यमंत्री ने अपने इस बयान से साफ कर दिया था कि इसका यह कतई मतलब नहीं है कि वह अधिकारियों का तबादला नहीं करेंगे। ऐसे में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों का तबादला किया, लेकिन इसके पीछे की वजह दी गई है कि अधिकारियों को उनकी काबिलियत के अनुसार तैनाती दी गई है।

इनका हुआ तबादला

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को छह जिलों के डीएम का तबादला किया था, जिसमें गोरखपुर भी शामिल है। उन्होंने पुलकित खरे को वाराणसी विकास प्राधिकरण का वाइस चेयरमैन नियुक्त किया, कंचन वर्मा को गाजियाबाद विकास प्राधिकरण का वाइस चेयरमैन, प्रभात कुमार को मेरठ का कमिश्नर और ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण का चेयरमैन बनाया गया है, इसके साथ ही उन्हें यमुना एक्सप्रेस वे इंडस्ट्रियल विकास प्राधिकरण का भी चेयरमैन बनाया गया है।

देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Yogi Adityanath reshuffle is small if compared with Akhilesh and Mayawati. Earlier Chief ministers have transferred on much bigger scale.
Please Wait while comments are loading...