टीम इंडिया का शानदार ओपनर जो बांग्लादेश वाले मैच में भीड़ का चेहरा था

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विराट कोहली की अगुआई वाली भारतीय टीम ने गुरुवार को बांग्लादेश को सेमीफाइनल में हराकर फाइनल में प्रवेश कर लिया है। बर्मिंघम के ऐजबेस्टन में अपने देश का झंडा लहराते बांग्लादेशी फैन और भारतीय फैन्स के बीच में एक शख्स ऐसा भी था जिसके नाम क्रिकेट के एक नहीं अनेक रिकॉर्ड दर्ज हैं और अभी भी बरकरार हैं। कभी भारतीय टीम के लिए खेलते हुए अनेकों बार शानादर ओपनिंग करने वाले इस दाढ़ी वाले शख्स को शायद ही लोग पहचानते हों? दरअसल ये शख्स कोई और नहीं बल्कि पूर्व भारतीय ओपनर बैट्समैन वसीम जाफर था। भारत के इस पूर्व सलामी बल्लेबाज वसीम जाफर के नाम रणजी, दलीप, ईरानी और विजय हजारे ट्राफी में सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड है।लेकिन कभी दोहरा, तिहरा शतक लगाने वाला ये बल्लेबाज ऐजबेस्टन में लोगों के लिए गुमनाम था।

गंभीर ने किया था जाफर को रिप्लेस

गंभीर ने किया था जाफर को रिप्लेस

जाफर ने 2008 में अपना आखिरी टेस्ट खेला। जाफर को गौतम गंभीर ने रिप्लेस किया था हालांकि गंभीर भी इस समय भारतीय टीम का हिस्सा नहीं हैं। मुंबई के सलामी बल्लेबाज को दो साल की बढ़िया बल्लेबाजी के बाद भी किस्मत और चयन पैनल ने उसका साथ नहीं दिया। टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक जाफर ने कहा- "अब तो काफी समय हो गया। हां एक समय था जब मुझे लगा कि मैं ज्यादा योगदान कर सकता था। अब मैं सिर्फ भारतीय टीम का खेल देख रहा हूं।"

एक नजर भारत के इस गुमनाम तूफानी ओपनर के रिकॉर्ड और करियर पर

एक नजर भारत के इस गुमनाम तूफानी ओपनर के रिकॉर्ड और करियर पर

जाफर भारत के टेस्ट बल्लेबाज के रूप में जाने जाते हैं। जाफर ने 31 टेस्ट मैच खेले हैं। जिनकी 58 पारियों में उन्होंने 34.10 के औसत से 1994 रन बनाए। जाफर का टेस्ट में सर्वोच्च स्कोर 212 है। जो उन्होंने वेस्टइंडीज के खिलाफ बनाए थे। जाफर के नाम टेस्ट मैच में 5 शतक व 11 अर्धशतक हैं। इस बीच उन्होंने 272 चौके व 3 छक्के लगाए। जाफर ने अपने करियर में 27 कैच भी लपके हैं। हालांकि जाफर को वनडे में खेलना का मौका न क बराबर ही मिला। उन्होंने केवल 2 मैच खेले हैं जिसमें केवल 10 रन बना सके।

अफ्रीका के खिलाफ खेला पहला और आखिरी मैच

अफ्रीका के खिलाफ खेला पहला और आखिरी मैच

वसीम जाफर ने अपना डेब्यू दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 24 फरवरी 2000 में किया था। अपने पहले मैच की दोनों पारियों में जाफर ने केवल 4 और 6 रन ही बनाए थे। अफ्रीका ने ये मैच 4 विकेट से जीत लिया था। जाफर ने अपना आखिरी टेस्ट मैच 13 अफ्रैल 2008 को कानपुर के ग्रीन पार्क स्टेडियम में दक्षिण अफ्रीका के ही खिलाफ खेला था। हालांकि भारत ने ये मैच 8 विकेट से जीत तो लिया था लेकिन वसीम जाफर का बल्ला इस मैच में नहीं चला था। उन्होंने पहली पारी में 50 गेंदों में 15 रन बनाए थे जबकि दूसरी पारी में 20 गेंदों में 10 रन बनाकर आउट हुए थे।

डोमेस्टिक क्रिकेट के लीजेंड हैं जाफर

डोमेस्टिक क्रिकेट के लीजेंड हैं जाफर

वसीम जाफर को भारतीय घरेलू क्रिकेट का लीजेंड माना जाता है। जाफर रणजी और ईरानी ट्रॉफी में सबसे ज्यादा रन-स्कोरर हैं। जाफर के नाम सबसे ज्यादा प्रथम श्रेणी शतक लगाने का रिकॉर्ड भी है। उन्होंने प्रथम श्रेणी क्रिकेट में 51 शतक व 83 अर्धशतक लगाए हैं। जाफर ने 15 साल की उम्र में स्कूल लेवल पर 400 रन नाबाद बनाकर लोगों का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया था।

अजहरुद्दीन से होती थी तुलना

अजहरुद्दीन से होती थी तुलना

जाफर की तुलना पर्व भारतीय लीजेंड अजहरुद्दीन के बैटिंग स्टाइल से होती थी। मुंबई की ओर से दूसरे घरेलू क्रिकेट में खेलने के दौरान उन्हें पहली बार रणजी ट्रॉफी क्रिकेट में खेलने का मौका मिला। उस समय इन्‍होंने ट्रिपल सेंचुरी मारकर अपने साथ के सभी खिलाड़ियों को चौंका कर रख दिया था। अपने साथ के खिलाड़ियों में ऐसा करने वाले जाफर पहले क्रिकेटर बने। इस मैच में इन्‍होंने 314 रन बनाए थे। यही नहीं इन्‍होंने पार्टनर सुलकशान कुलकर्णी के साथ मिलकर 459 रनों का स्‍कोर खड़ा किया। बतौर पहले ओपनिंग पेयर पार्टनरशिप में इनके 400 से ज्‍यादा रन बनने का ये दूसरा रिकॉर्ड था।

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English summary
Champions trophy 2017: in the match of India vs Bangladesh Wasim Jaffer was just a face in the crowd
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