श्रीलंका ने किया साफ, हंबनटोटा पोर्ट नहीं देंगे चीन को

Posted By:
Subscribe to Oneindia Hindi

नई दिल्ली। श्रीलंका की नेवी के वाइस एडमिरल आर सी विजेगुणरत्ने इन दिनों भारत के दौरे पर हैं। सोमवार को दिल्ली में विजेगुणरत्ने का जोरदार स्वागत किया गया। उन्होंने कहा कि भारत और श्रीलंका के बीच का रिश्ता अध्यापक और छात्र जैसा है। उन्होंने भारत को इस बात के लिए निश्चिंत किया कि भारत के खिलाफ श्रीलंका की समुद्री सीमाओं पर कोई भी गतिविधि नहीं होगी। साथ ही, श्रीलंका ने चीन के दखल से जुड़ी भारत की चिंताओं को भी खारिज कर दिया है।

srilanka श्रीलंका ने किया साफ, हंबनटोटा पोर्ट नहीं देंगे चीन को
 ये भी पढ़ें- हाफिज सईद को पाकिस्तान सरकार ने हाउस अरेस्ट में रखा, पीएम मोदी और ट्रंप पर बोला हमला

श्रीलंका ने उस रिपोर्ट को भी खारिज कर दिया है, जिसमें दावा किया गया था कि सामरिक तौर पर अहम श्रीलंका के हंबनटोटा पोर्ट को चीन को सौंप दिया गया है। श्रीलंका ने इस बात की पुष्टि की है कि वह हंबनटोटा पोर्ट पर हमेशा श्रीलंका की ही मौजूदगी रहेगी। ऐसी रिपोर्ट्स आई थीं कि श्रीलंका ने हंबनटोटा पोर्ट को चीन को किराए पर दे दिया है। कहा था जा रहा था कि श्रीलंका ने चीन से 8 अरब डॉलर का लोन लिया था जिसे चुकाने में मुश्किल होने के चलते वह ऐसा करने जा रहा है। यह भी बात सामने आ रही थी कि जनवरी में ही दोनों के बीच डील भी हो जाएगी, लेकिन विजेगुणरत्ने ने इन सब बातों को गलत करार दिया।

ये भी पढ़ें- जम्मू-कश्मीर: अगले 24 घंटों में फिर भारी बर्फबारी व हिमस्खलन की चेतावनी, अलर्ट जारी

आपको बता दें कि श्रीलंका की नेवी के कमांडर एडमिरल विजेगुणरत्ने 29 जनवरी से लेकर दो फरवरी तक भारत के दौरे पर हैं। उनके इस दौरे का मकसद दोनों देशों की नौसेनाओं के बीच के रिश्तों को और अधिक मजबूत करना है। विजेगुणरत्ने से सवाल किया गया और कहा गया कि भारत में चीन की पनडुब्बियों को लेकर चिंता है, खास कर के एटमी पनडुब्बियों ने भारत को निश्चिंत किया है कि श्रीलंका ऐसा कोई काम नहीं करेगा, जिससे भारत को किसी तरह की चिंता हो।

देश-दुनिया की तबरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
English summary
Sri Lankan Navy Commander received ceremonial welcome in Delhi
Please Wait while comments are loading...