अंतिम संस्कार के लिए अस्पताल ने परिवार को दिया था गलत शरीर, कोर्ट ने कहा- दो मुआवजा

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तिरुवनंतपुरम। केरल राज्‍य उपभोक्‍ता विवाद निवारण आयोग ने एर्नाकुलम के एक नामी प्राइवेट अस्पताल को आदेश दिया है कि वो पीड़ित परिवार को 25 लाख रुपए का मुआवाजा दें।

आदेश में कहा गया है कि अस्पताल उस व्यक्ति के परिवार को मुआवजा दे जिसका शरीर गलती से किसी और परिवार को अंतिम संस्कार के लिए दे दिया गया था।

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याचिकाकर्ताओं के अनुसार राज्य पंजीकरण विभाग में जिला रजिस्ट्रार पद से सेवानिवृत्त पुरुषोत्थमन एर्नाकुलम मेडिकल सेंटर में इलाज करा रहे थे।

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हो गई थी मौत

हृदय गति रुक जाने से उनकी मौत 30 दिसबंर 2009 को हो गई। उनकी तीनों बेटियां शहर के बाहर थीं, इसलिए उनका शव अस्पताल के शवगृह में रखा हुआ था।

जब उनके परिजन 1 जनवरी 2010 को अस्पताल शव लेने गए तो उन्हें दूसरे का शव दे दिया गया।

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पुलिस के हस्तक्षेप के बाद यह खुलासा हुआ कि पुरुषोत्थमन के शव को दूसरे परिवार को दे दिया गया था। बताया गया कि पुरुषोत्थमन का शव, लेफ्टिनेंट कर्नल एपी कैंथी के परिजनों को सौंप दिया गया, उनकी मौत भी 30 दिसंबर को हुई थी।

अस्पताल ने दावा किया...

अस्पताल ने दावा किया की गलती कर्नल के परिजनों की जिन्होंने शरीर की गलत पहचान की साथ ही उन्होंने यह दावा भी किया कि दोनों परिवारों के बीच शिकायत सुलझ गई है।

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लेकिन कोर्ट में दिए गए सबूतों से साबित हुआ कि अस्पताल स्टाफ ने लापरवाही से पुरुषोत्थमन के शरीर को कैंथी परिवार को दे दिया।

उपभोक्ता अदालत ने अस्पताल के दावों को खारिज करते हुए आदेश दिया कि पुरुषोत्थमन के परिवार को 25 लाख रुपए का मुआवजा दिया जाए।

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English summary
Kerala hospital gives kin wrong body for cremation,consumer court said to hospital Bleed penalty
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