दिल्‍ली में कारोबारियों ने 250 करोड़ के पुराने नोट के बदले बेच दिया 1000 किलो सोना

आयकर विभाग के अधिकारियेां ने करोल बाग और चांदनी चौक के चार बुलियन ट्रेडर्स से फिर से पूछताछ की। इस बार उनसे पूछताछ में यह बात सामने आई है कि पिछले कुछ दिनों के दौरान 250 करोड़ रुपए के पुराने नोट लेकर

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नई दिल्‍ली। देश में 8 नवंबर 2016 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नोटबंदी के फैसले के बाद पुराने नोटों को सबसे ज्‍यादा खपाने का खेल अगर कहीं खेला गया है तो इसमें राजधानी दिल्‍ली का नाम भी शामिल हो गया है। क्‍योंकि इनकम टैक्‍स विभाग की तरफ से सामने आ रही जानकारी के मुताबिक दिल्‍ली में मनी लॉन्ड्रिंग का खेल खूब खेला गया है। टीओआई की खबर के मुताबिक शुरुआती जांच में पता चला कि दिल्‍ली में सर्राफा कारोबारियों ने 250 करोड़ रुपए के पुराने नोटों के बदले जमकर सोना बेचा था।

250 करोड़ के पुराने नोट के बदले बेच दिया 1000 किलो से ज्‍यादा का सोना

विमुद्रीकरण के फैसले के बाद नोटबंदी के तीन अलग-अलग मामलों में आयकर विभाग, प्रवर्तन निदेशालय और खुफिया राजस्‍व निदेशालय ने मुताबिक दिल्ली में 400 करोड़ रुपए मूल्य के सोने-चांदी की बिक्री का पता लगाया है। शुक्रवार को आयकर विभाग के अधिकारियेां ने करोल बाग और चांदनी चौक के चार बुलियन ट्रेडर्स से फिर से पूछताछ की। इस बार उनसे पूछताछ में यह बात सामने आई है कि पिछले कुछ दिनों के दौरान 250 करोड़ रुपए के पुराने नोट लेकर सोने की छड़ें बेची थीं। आयकर विभाग के एक अधिकारी ने टीओआई को बताया कि चार बुलियन ट्रेडरों ने सोने की छड़ें बेचकर अलग-अलग बैंक खातों में 250 करोड़ रुपए के पुराने नोट जमा कराए। इन चारों सर्राफा कारोबारियों की दुकानें पुरानी दिल्ली के कूचा महाजनी और कुछ करोल बाग में हैं।   ये भी पढ़ें: बेंगलुरु से 48 करोड़ रुपए की अघोषित आय बरामद, 1.07 करोड़ रुपए के नए नोट भी पकड़े

आयकर विभाग के अधिकारियों के मुताबिक इन चारों व्यापारियों के साथ-साथ कुछ कंपनियों के भी बैंक खातों की छानबीन कर रहे हैं जिनसे व्यापारियों को पैसे दिए गए थे। अधिकारियों ने इस बात की पुष्टि करते हुए कहा कि ये कुछ नए मामले सामने आए हैं। जिससे इनके काम-काज का तरीका भी वैसा ही पता चलता है जैसा कि नोटबंदी के ठीक बाद की छापेमारी में पता चला था। आपको बताते चलें कि नोटबंदी के फैसले के बाद से ही आयकर विभाग के अधिकारी के देश के दूसरे हिस्सों में भी सर्राफा कारोबारियों के ठिकानों पर छापेमारी कर रहे हैं। शुक्रवार को ही बेंगलुरू में 47.74 करोड़ रुपये की अघोषित आय आयकर विभाग की पकड़ में आई है। वहीं आयकर विभाग ने शुक्रवार को ही दिल्ली के कस्‍तूरबा गांधी मार्ग स्थित कोटक महिंद्रा बैंक की शाखा से 39 करोड़ रुपए जब्त किए थे। इस बैंक की ब्रांच में जमा पुराने नोट सवालों के दायरे में है और 39 करोड़ रुपए के डीडी एजेंटों के जारी किए गए हैं। डिमांड ड्रॉफ्ट के जरिए कालेधन को सफेद धन में बदलने का मामला पहले भी सामने आ चुका है। ये भी पढ़ें: आगरा में 11 ठिकानों पर छापेमारी कर आयकर विभाग ने जब्त किए 12 करोड़ रु.

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English summary
Income tax department says Rs 250 crore banned notes converted into gold
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