आर्मी को जरूरत 3.5 लाख बुलेट प्रूफ जैकेट्स की और मिलीं सिर्फ 5,000

रक्षा मंत्री मनोहर पार्रिकर ने दी जानकारी इंडियन आर्मी के लिए बुलेट प्रूफ का पहला लॉट पिछले माह पहुंचा। 50,000 जैकेट्स का है इंतजार और 3.5 लाख जैकेट्स की जरूरत।

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नई दिल्‍ली। सात वर्षों से बुलेट प्रूफ जैकेट्स के इंतजार में बैठी इंडियन आर्मी का इंतजार पिछले माह खत्‍म हो गया लेकिन इस इंतजार में भी उतना नहीं मिला जितनी जरूरत थी। रक्षा मंत्री के बयान के बाद तो इसकी पुष्टि हो जाती है। ऐसे समय में जब आए दिन पाकिस्‍तान की ओर से फायरिंग हो रही है, सेना के जवानों को बुलेट प्रूफ जैकेट्स की कमी से जूझना पड़ रहा है।

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रक्षा मंत्री ने दी जानकारी

सेना को 3.5 लाख बुलेट प्रूफ जैकेट्स की जरूरत है लेकिन उसे पिछले माह तक सिर्फ 5,000 बुलेट प्रूफ जैकेट्स ही मिल सकी हैं।

रक्षा मंत्री मनोहर पार्रिकर ने राज्‍यसभा को जानकादी दी है कि पिछले माह इंडियन आर्मी को बुलेट प्रूफ जैकेट का पहला लॉट मिला है जिसमें 5,000 जैकेट्स हैं। 50,000 जैकेट्स के लिए ऑर्डर इस वर्ष मार्च में दिया गया था।

वर्ष 2009 में रक्षा मंत्रालय की ओर से 3,53,765 बुलेट प्रूफ जैकेट्स का ऑर्डर दिया गया था। उनकी क्‍वालिटी अच्‍छी नहीं होने के कारण इन जैकेट्स को खरीदने से इंकार कर दिया गया था।

फिलहाल सेना के पास सिर्फ 5,000 बुलेट प्रूफ जैकेट्स ही मौजूद हैं।

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खराब क्‍वालिटी की जैकेट्स

रक्षा मंत्री मनोहर पार्रिकर ने राज्‍यसभा में इस बात का खुलासा किया। उन्‍होंने एक सवाल के जवाब में कहा कि बुलेट प्रूफ जैकेट्स इस समय काफी अहम हैं।

जम्‍मू कश्‍मीर में आए दिन जवानों को फायरिंग का सामना करना पड़ा है। उन्‍होंने  बताया कि रक्षा खरीद परिषद (डीएसी) की ओर से अक्‍टूबर 2009 में 3,53,765 बुलेट प्रूफ जैकेट्स की मंजूरी दी गई थी।

इसमें से 1,86,138 जैकेट्स को 11वीं सेना योजना के तहत खरीदा जाना था। इसके बाद 36 वेंडर्स को तीन मार्च 2011 को रिक्‍वेस्‍ट फॉर प्रपोजल (आरएफपी) जारी किया गया।

आठ दिसंबर को इनके ट्रायल्‍स के बारे में जानकारी दी गई। लेकिन दिसंबर 2012 में 39 वेंडर्स ने जैकेट्स को बनाने में आरएफपी मानकों का पालन नहीं किया था।

इसके बाद इस वर्ष अप्रैल में रक्षा मंत्रालय की ओर से एक नई आरएफपी जारी की गई। यह आरएफपी वेंडर्स को पूरी तरह से जांचनें के बाद जारी हुई थी।

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2017 तक चाहिए 1.67 लाख जैकेट्स

आर्मी को वर्ष 2012 तक 1.86 लाख बुलेट प्रूफ जैकेट्स सप्‍लाई होनी थीं। इसके बाद 1.67 लाख जैकेट्स को वर्ष 2017 तक सप्‍लाई करना था। लेकिन ऐसा नहीं हो सका। सेना के लिए 50,000 बुलेट प्रूफ जैकेट्स की लागत करीब 140 करोड़ रुपए है।

कैसी जैकेट्स चाहिए आर्मी को

जवानों के लिए कुछ खास क्‍वालिटी वाली बुलेट प्रूफ जैकेट्स की मांग की गई थी। इन जैकेट्स को इस तरह से डिजाइन करने की मांग थी जिसमें सिर, गर्दन, सीना और कमर को गोली से बचाया जा सके।

इसके अलावा ये जैकेट्स ऐसी होनी चाहिए जो जवानों को ऑपरेशंस के दौरान मुश्किल रास्‍तों में चलने में मदद कर सकें। 

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English summary
Defence Minister Manohar Parrikar has replied to Rajya Sabha on Tuesday that Indian Army has got 5,000 bullet proof jackets.
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