नोटबंदी पर विपक्ष में दिखी दरार, राष्ट्रपति से मिलने नहीं पहुंचे 6 प्रमुख विपक्षी दल

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नई दिल्ली। नोटबंदी पर घमासान के बीच विपक्षी नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल कांग्रेस पार्टी के नेतृत्व में राष्ट्रपति से मिलने पहुंचा। इस दौरान उन्होंने शीतकालीन सत्र सुचारु रुप से नहीं चलने को लेकर राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी को एक ज्ञापन सौंपा।

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विपक्षी दलों के प्रतिनिधिमंडल ने की राष्ट्रपति से मुलाकात

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के नेतृत्व राष्ट्रपति से मिलने पहुंचे प्रतिनिधिमंडल में कांग्रेस के साथ-साथ टीएमसी, आरजेडी और जेडीयू के नेता शामिल हुए।

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हालांकि राष्ट्रपति से मुलाकात के दौरान विपक्षी दलों में फूट नजर आई। जिस विपक्ष ने संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान एक सुर में खड़े होकर सरकार के इस फैसले का विरोध किया था, उनमें से कई दल इस प्रतिनिधिमंडल में शामिल नहीं हुए।

राष्ट्रपति से मुलाकात के दौरान जो दल शामिल नहीं हुए वो हैं...समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी, एनसीपी, एआईएडीएमके, डीएमके और वाम दल।

एसपी, बीएसपी, एनसीपी समेत 6 दल नहीं हुए प्रतिनिधिमंडल में शामिल

वामपंथी दलों की ओर से कहा गया कि भ्रम की वजह से वो इस प्रतिनिधिमंडल में शामिल नहीं हो सके। उन्होंने कहा कि मुलाकात को लेकर ठीक से तैयारी नहीं की गई थी।

टीएमसी सांसद का दावा, नोटबंदी में अब तक सौ मरे

सीपीआई नेता डी राजा ने कहा कि अब संसद सत्र खत्म हो गया है ऐसे में राष्ट्रपति भी हमारी क्या मदद करेंगे? बता दें कि शुक्रवार से संसद सत्र अनिश्चितकाल के स्थगित हो गई है।

दूसरी ओर राष्ट्रपति से मुलाकात के बाद कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि हमने राष्ट्रपति से मुलाकात की। इस दौरान हमने राष्ट्रपति को एक ज्ञापन सौंपा, हमने राष्ट्रपति को बताया की सरकार के रवैये और अड़ियल रुख की वजह से संसद का शीतकालीन सत्र ठीक से नहीं चल सका।

सरकार के अड़ियल रुख की वजह से नहीं चली संसद: खड़गे

कांग्रेस सांसद खड़गे ने कहा कि हमने सत्र के दौरान चर्चा की कोशिश की लेकिन सरकार ने लोकतंत्र के सभी नियमों को तोड़ा। उन्होंने संसद नहीं चलने के पीछे सरकार के रवैये को दोषी ठहराया।

जेडीयू सांसद शरद यादव ने भी संसद में सरकार के रवैये की आलोचना की। उन्होंने कहा कि कई मुद्दे थे जिन पर चर्चा की जरूरत थी लेकिन सरकार ने इसे रोक दिया। उन्होंने कहा कि आम आदमी से जुड़े कई मुद्दे थे जिन पर चर्चा की जरूरत थी।

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English summary
Demonetisation issue Divided Opposition Meets President Pranab Mukherjee.
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